विश्व ओलंपिक दिवस (23 जून,रविवार) के मौके पर दुनिया के नंबर-1 पहलवान भारत के बजरंग पूनिया ( 65 किलोग्राम भारवर्ग) का कहना है कि वह अपनी हालिया रैंकिंग से काफी खुश हैं, लेकिन रैकिंग उनका लक्ष्य नहीं, वह तो देश के लिए ज्यादा से ज्यादा पदक, खासकर ओलंपिक पदक जीतना चाहते हैं।
बजंरग ने कहा कि देश के लिए अधिक से अधिक पदक जीतने को लेकर वह काफी फोकस्ड हैं और इसीलिए रैंकिंग को कभी अपनी राह का रोड़ा नहीं बनने देना चाहते और खुद को बेहतर बनाने के लिए हर समय अपना ध्यान मैट पर लगाए रखना चाहते हैं।
बजरंग ने कहा, 'वर्ल्ड नंबर-1 बनकर अच्छा लगता है लेकिन मुझ पर उसका दबाव नहीं रहता। मेरे लिए सही मायने में रैंकिंग मायने नहीं रखता। मेरा लक्ष्य सिर्फ सर्वश्रेष्ठ देना और देश के लिए अधिक से अधिक पदक जीतना है। रैंकिंग में नंबर-1 हैं, यह सोच कर अच्छा लगता है कि इससे ज्यादा कुछ नहीं लेकिन मेरा लिए असल लक्ष्य कुछ और है।' यूडब्ल्यूडब्ल्यू ने इस बार जो रैकिंग निकाली है, उसमें इस बार भारत के 15 पहलवान शामिल हैं। इससे पहले कभी भारत के इतने पहलवानों ने शीर्ष-10 में जगह नहीं बनाई थी।
बजरंग अपने साथी खिलाड़ियों के भी काफी खुश हैं और उनका मानना है कि इससे बाकी के खिलाड़ियों को अच्छा करने की प्ररेणा मिलेगी। बजरंग ने कहा, 'इस बात से साबित होता कि भारतीय कुश्ती आगे बढ़ रही है। हमारे पहलवान शीर्ष-10 में हैं। यह भारत के लिए अच्छी खबर है। यह खबर बाकी खिलाड़ियों के लिए प्रेरणास्त्रोत होगी कि ये लोग नंबर-1, नंबर-2 हैं। इससे हर किसी को आगे जाने के लिए आत्मबल मिलेगा।'