2010 की विश्व चैंपियन स्पेन ने नेशंस लीग के सेमीफाइनल में यूरोपियन विजेता इटली को 2-1 से हराकर फाइनल में प्रवेश कर लिया। जहां उसकी भिड़ंत ल्यूका मोदरिच की कप्तानी वाली क्रोएशिया से होगी। स्पेन की जीत में मिडफील्डर रोड्री ने मुख्य भूमिका निभाई। यह एक सप्ताह के अंदर उनका दूसरा फाइनल होगा। बीते सप्ताह चैंपियंस लीग के फाइनल में रोड्री के गोल की बदौलत ने मैनचेस्टर सिटी ने इंटर मिलान पर 1-0 से खिताबी जीत हासिल की थी।
रोड्री के पास पर जोसेलू ने किया विजयी गोल
खेल के 88वें मिनट तक मुकाबला 1-1 की बराबरी पर था और अतिरिक्त समय की ओर बढ़ रहा था। ऐसे में रोड्री की किक रक्षक से टकराकर स्थानापन्न एस्पेनियोल के स्ट्राइकर जोसेलू के पास पहुंची। उन्होंने इस पर गोलकर स्पेन को न सिर्फ 2-1 की बढ़त दिलाई बल्कि अपनी टीम को फाइनल में भी पहुंचा दिया। रोड्री ने मैच के बाद कहा कि उनका यह वर्ष जिस तरह का रहा है, उससे पहले बेहद प्रसन्न हैं। पहले विश्वकप में उन्होंने अच्छा किया। इसके बाद मैनचेस्टर सिटी के लिए तिहरा खिताब जीतना और अब नेशंस लीग के फाइनल में जगह बनाई।
दूसरी बार नेशंस लीग के फाइनल में पहुंचा स्पेन
स्पेन नेशंस लीग के दूसरी बार फाइनल में पहुंचा है। इससे पहले उसने 2021 में फाइनल में प्रवेश किया था। तब भी उसने सेमीफाइनल में इटली को हराया था, लेकिन फाइनल में उसे फ्रांस से हार मिली थी। यह परिणाम स्पेन के नए कोच लुइ डि ला फुएंटे के लिए भी शानदार रहा। फुएंटे ने विश्वकप के बाद हटाए गए कोच लुई एनरिक की जगह ली है। खेल के तीसरे ही मिनट में स्पेन को बढ़त बनाने में सफलता मिल गई, जब इटली के कप्तान लियोनार्डो बनूची से गावी ने गेंद छीनी और उन्होंने स्पेन के लिए पहला मैच खेल रहे येरेमी पिनो को पास दिया, जिन्होंने जियानलुइगी डोन्नेरमा को छकाकर गोल कर दिया। 11वें मिनट में इटली ने सीरो के पेनाल्टी पर किए गोल के जरिए बराबरी हासिल कर ली।