फेडरेशन आफ मोटर स्पोर्ट्स क्लब आफ इंडिया (एफएमएससीआई) ने अपनी 39वीं वार्षिक आम सभा की बैठक में डा विजय माल्या को फिर से चेयरमैन और विकी चंडोक को अध्यक्ष बनाए रखने का फैसला किया। भरत राज उपाध्यक्ष होंगे। एफएमएससीआई ने साथ ही अपनी बैठक में यह भी फैसला किया कि वह पहली बार अपना वार्षिक पुरस्कार समारोह कराएगा जो अगले वर्ष जनवरी के अंत में आयोजित होगा। इसमें राष्ट्रीय चैंपियनशिप के सभी विजेताओं को पुरस्कृत किया जाएगा।
रफ्तार में पनपता कॅरियर
आज इस खेल को बतौर कॅरियर अपनाने वाले युवाओं की संख्या बढी है, लेकिन यहां कामयाब होने के लिए केवल जुनूनी होना भर काफी नहीं है। इसके साथ अच्छा फाइनेंसियल बैकग्राउंड, बेहतर रेसिंग इंफ्रास्ट्रक्चर भी उतना ही आवश्यक है। माना जा सकता है कि भारत के लिए यह खेल नया है, जरूरी सुविधाओं की भी अभी कमी है। इस मंहगे खेल के लिए स्पॉन्सर ढूंढना अभी भी थोडा़ मुश्किल है। बावजूद इन चीजों के बडे शहरों में ही सही युवा, मोटर रेसिंग के जरिए खुद के कॅरियर को नया ट्रैक दे रहे हैं। यहां बताना जरूरी होगा कि कार रेसिंग का मतलब केवल ड्राइवर बनना ही नहीं है। आज एफ-1 से लेकर एफ-3 तक हर टीम अपने सपोर्ट स्टाफ में अमूमन 100 से 200 दक्ष क्रू मेंबर्स को रखती है। यहां आप चाहें तो बतौर ऑटोमोबाइल एक्सपर्ट, विजुअल एनालिस्ट, रेस मार्शल, स्टार्टर मैन, जैक मैन, विंग सेंटर, फायर फाइटर, सिग्नल मैन बनकर भी अपना कॅरियर चमका सकते हैं।