मध्य प्रदेश ने डल झील पर आयोजित खेलो इंडिया जल क्रीड़ा महोत्सव (केआईडब्ल्यूएसएफ) के शुरुआती सत्र में शनिवार को छह स्वर्ण पदक जीत कर अपना दबदबा कायम रखा। मध्य प्रदेश के नाम अब 10 स्वर्ण के साथ 18 पदक हो गए हैं। ओडिशा के जगतपुर स्थित भारतीय खेल प्राधिकरण केंद्र और अलप्पुझा स्थित राष्ट्रीय उत्कृष्टता केंद्र में प्रशिक्षण लेने वाले अपने खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन के दम पर ओडिशा और केरल क्रमशः 10 और सात पदकों के साथ दूसरे और तीसरे स्थान पर रहे।
ओडिशा ने चार स्वर्ण, पांच रजत और एक कांस्य पदक जीता जबकि केरल ने तीन स्वर्ण, एक रजत और तीन कांस्य पदक जीते। मध्य प्रदेश के जल क्रीड़ा खिलाड़ियों के लिए यह एक और शानदार दिन रहा क्योंकि उन्होंने कयाकिंग और कैनोइंग में शनिवार को छह और स्वर्ण पदक अपने नाम किए। शिखा चौहान, रीना सेन और पल्लवी जगताप की प्रसिद्ध तिकड़ी ने मध्य प्रदेश के लिए दो स्वर्ण और एक रजत पदक जीते। इंदौर की शिखा ने कयाकिंग एकल स्लैलम में स्वर्ण पदक जीता, जबकि देवास की 12वीं कक्षा की छात्रा पल्लवी ने सी1 स्लैलम स्पर्धा में शीर्ष स्थान हासिल किया।
मध्य प्रदेश के खिलाड़ियों ने तीन रजत और पांच कांस्य पदक भी जीते।ओडिशा की रश्मिता साहू ने शनिवार को अचोइबम सनातंबी देवी के साथ महिला सी2 500 मीटर स्प्रिंट पेयरिंग में पहले स्थान के साथ इस प्रतियोगिता में अपना दूसरा स्वर्ण पदक जीता। दिल्ली का प्रतिनिधित्व करने वाले टोक्यो ओलंपियन अर्जुन लाल जाट को पुरुषों की 1000 मीटर सिंगल स्कल में ओडिशा के अविराज ने पछाड़ दिया। अविराज (3.37.54 सेकंड) ने कड़े मुकाबले में स्वर्ण पदक जीता जबकि अर्जुन 3.28.68 सेकंड के साथ दूसरे स्थान पर रहे।