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Vinesh Phogat: विनेश फोगाट को अंतरराष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी ने क्यों थमाया नोटिस? इस नियम के उल्लंघन का आरोप

Tue, 05 May 2026 10:22 PM IST
शोभित चतुर्वेदी स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

भारतीय पहलवान विनेश फोगाट की मुश्किल बढ़ गई है क्योंकि अंतरराष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी ने डोपिंग परीक्षण के लिए मौजूद नहीं रहने के मामले में उन्हें नोटिस भेजा है।
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विनेश फोगाट - फोटो : X
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विस्तार
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पहलवान विनेश फोगाट को अंतरराष्ट्रीय परीक्षण एजेंसी (आईटीए) ने 18 दिसंबर 2025 को प्रतियोगिता से इतर हुए डोपिंग परीक्षण के लिए मौजूद नहीं रहने के मामले में नोटिस भेजा है। पिछले 12 महीनों में यह पहली बार है जब उन्होंने रहने के स्थान संबंधी नियम का उल्लंघन किया है। चार मई 2026 को भेजे गए पत्र में आईटीए ने विनेश को बताया कि 19 जनवरी 2026 को उनके द्वारा दी गई सफाई की समीक्षा करने के बाद छूटे हुए परीक्षण को औपचारिक रूप से रिकॉर्ड कर लिया गया है। 
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नोटिस भेजने का कारण 
इस नोटिस में पांच जनवरी 2026 को भेजे गए एक पिछले पत्र का भी जिक्र है जिसमें परीक्षण के लिए मौजूद नहीं रहने की बात उठाई गई थी और विनेश से इस पर जवाब मांगा गया था। यह नोटिस डोपिंग रोधी नियमों का उल्लंघन नहीं माना जाता लेकिन यह रहने के स्थान संबंधी नियम के तहत एक चेतावनी के तौर पर दिया जाता है। इस नियम का मकसद यह सुनिश्चित करना है कि खिलाड़ी हर समय अचानक होने वाले डोपिंग परीक्षण के लिए उपलब्ध रहें।

यूनाइटेड विश्व रेस्लिंग (यूडब्ल्यूडब्ल्यू) और विश्व डोपिंग रोधी एजेंसी (वाडा) द्वारा बनाए गए नियमों के अनुसार एक साल के भीतर तीन बार परीक्षण के लिए मौजूद नहीं रहने और/या अपने रहने के स्थान की जानकारी देने में चूक होने पर इसे डोपिंग रोधी नियमों का उल्लंघन माना जाता है। ऐसा होने पर खिलाड़ी पर दो साल तक का प्रतिबंध लग सकता है। आईटीए ने बताया कि यह घटना 18 दिसंबर 2025 को हुई थी। उस दिन एक डोपिंग नियंत्रण अधिकारी (डीसीओ) विनेश के लिए तय किए गए 60 मिनट के परीक्षण समय के दौरान उन्हें उनके बताए गए स्थान पर नहीं ढूंढ पाया था।
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डोपिंग रोधी नियमों के तहत पंजीकृत परीक्षण पूल (आरटीपी) में शामिल खिलाड़ियों को हर दिन सुबह छह बजे से रात 11 बजे के बीच एक घंटे का ऐसा समय बताना होता है जिस दौरान वे बिना किसी पूर्व सूचना के होने वाले डोपिंग परीक्षण के लिए उपलब्ध रहें। आईटीए ने हालांकि माना कि उस दिन विनेश हरियाणा विधानसभा के पहले शीतकालीन सत्र में हिस्सा ले रही थीं। वह बेंगलुरु से चंडीगढ़ गई थीं जिससे उनका नियमित रूटीन बिगड़ गया था। एजेंसी ने यह भी ध्यान में रखा कि हाल ही में उनके घर बच्चा हुआ था जिससे उनकी निजी जिम्मेदारियां और बढ़ गई थीं। परीक्षण के दौरान विनेश ने कथित तौर पर पूरा सहयोग किया और डीसीओ को बताया कि वह बैठकों के सिलसिले में चंडीगढ़ में मौजूद हैं।
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