भारतीय ओलंपिक संघ (आईओए) के ताजा चुनाव से संतुष्ट अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति (आईओसी) ने आईओए का निलंबन रद्द कर दिया है। इसके साथ ही भारत की करीब 14 महीनों बाद ओलंपिक अभियान में वापसी हो गई है।
आईओसी ने मंगलवार को कहा कि उसके कार्यकारी बोर्ड की रूस की सोचि में हुई एक विशेष बैठक में भारत का निलंबन रद्द करने का फैसला किया गया।
सोचि में शीतकालीन ओलंपिक चल रहे हैं और ओलंपिक आंदोलन के इतिहास में यह पहला मौका है, जब ओलंपिक के दौरान किसी राष्ट्रीय ओलंपिक समिति पर से निलंबन हटाया गया है।
भारत का निलंबन समाप्त होने के बाद अब भारत का तीन सदस्यीय दल 23 फरवरी को सोचि विंटर ओलंपिक के समापन समारोह में तिरंगा लेकर मार्चपास्ट में हिस्सा लेगा। साथ ही ओलंपिक गांव के उस हिस्से में भारतीय ध्वज लहराएगा, जहां भारत का तीन सदस्यीय दल ठहरा हुआ है।
आईओए के रविवार को हुए चुनावों के बाद आईओसी के प्रतिनिधियों ने सोचि में चल रहे शीतकालीन ओलंपिक में लौटकर आईओसी के अध्यक्ष और कार्यकारी बोर्ड को इन चुनावों पर अपनी रिपोर्ट सौंपी, जिसके बाद आईओसी ने यह निलंबन हटाने का फैसला किया।