स्टार स्ट्राइकर रमनदीप सिंह घुटने में लगी चोट से उबर चुके हैं। अब उनका पूरा ध्यान टीम में वापसी करने पर है। पिछले साल जून में ब्रेडा में चैंपियंस ट्रॉफी के दौरान उनके घुटने चोट लग गई थी, जिसके चलते वह आठ महीने मैदान से बाहर थे।
उन्होंने ग्वालियर में हुई सीनियर राष्ट्रीय चैंपियनशिप से मैदान पर वापसी की है। पंजाब के गुरदासपुर के 25 बरस के रमनदीप बंगलूरू में चल रहे राष्ट्रीय शिविर में तैयारियों में जुटे हैं। उन्होंने 'अमर उजाला' से कहा यदि आपमें जज्बा है तो आप किसी भी चोट से उबर कर वापसी कर सकते हैं। मैदान से दूर रहने का दर्द खिलाड़ी ही समझ सकता है।
मेरा पूरा ध्यान अब फिटनेस का स्तर ऊंचा उठाकर फिर से टीम में जगह बना कर उसे टोक्यो ओलंपिक के लिए क्वालिफाई कराने पर है। देश के लिए सवा सौ मैचों में 27 गोल करने वाले रमनदीप ने कहा कि मेरे फिर से फिट होकर मैदान में लौटने में आकाशदीप सिंह, रुपिंदर पाल सिंह और पीआर श्रीजेश ने काफी मदद की है।
शिविर में भी हम सभी साथ हैं। हमारे बीच अच्छा तालमेल है। आकाशदीप ने मुझे सकारात्मक सोच और दर्शन वाली किताबें पढ़ने को दी। उन्होंने कहा कि राष्ट्रीय चैंपियनशिप में पंजाब की ओर खेलते हुए मेरा प्रदर्शन संतोषजनक रहा। भले ही हमारी टीम फाइनल में रेलवे से हार गई लेकिन मैंने हर अहम मैच में गोल किया। इस बेहतरीन प्रदर्शन से मेरा उत्साह बढ़ा है।