भारत और पाकिस्तान की हॉकी टीमों के बीच मंगलवार को सुल्तान जोहोर कप का मुकाबला होना है। दोनों टीमों के बीच यह मैच मलयेशिया के जोहर बाहरू में होगा। इससे पहले ही पाकिस्तान हॉकी महासंघ (पीएचएफ) ने अपनी टीम के खिलाड़ियों को सलाह दी है। दरअसल, पिछले कुछ समय से दोनों देशों के बीच रिश्ते तल्ख चल रहे हैं और इसका असर मैदान पर भी देखने मिला है।
टकराव से बचने कहा
पीएचएफ ने अपने खिलाड़ियों से भारतीय खिलाड़ियों के साथ किसी भी तरह के टकराव से बचने की सलाह दी है। पहलगाम में आतंकी हमले के मद्देनजर भारतीय क्रिकेट टीम ने हाल ही में संपन्न एशिया कप के मैचों के दौरान पाकिस्तानी खिलाड़ियों से हाथ नहीं मिलाया था, जिसमें फाइनल भी शामिल था। इससे विवाद पैदा हो गया था और पाकिस्तान ने एशियाई क्रिकेट परिषद और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट परिषद (आईसीसी) में विरोध दर्ज कराया था। पूरी संभावना है कि भारतीय जूनियर हॉकी टीम पाकिस्तान के खिलाफ मंगलवार को होने वाले मैच में अपनी क्रिकेट टीम की तरह ही रवैया अपनाएगी।
पीएचएफ के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि खिलाड़ियों को भारतीय टीम की हाथ न मिलाने की नीति के लिए मानसिक रूप से तैयार रहने को कहा गया है। उन्होंने कहा, खिलाड़ियों से कहा गया है कि अगर भारतीय खिलाड़ी मैच से पहले या बाद में हाथ नहीं मिलाते हैं तो उन्हें अनदेखा कर देना चाहिए और आगे बढ़ जाना चाहिए। उन्हें खेल के दौरान किसी भी तरह के भावनात्मक टकराव से बचने के लिए भी कहा गया है।
पाकिस्तान ने अगस्त में बिहार के राजगीर में आयोजित पुरुष एशिया कप के लिए अपनी टीम भारत नहीं भेजी थी। अधिकारी ने कहा कि उन्होंने खिलाड़ियों से कहा है कि वे सिर्फ अपने खेल पर ध्यान केंद्रित करें।