ड्रैग फ्लिकर सुप्रिया के तीन गोल की मदद से गत चैंपियन भारत ने दक्षिण कोरिया को शनिवार को 5-1 से हराकर एएचएफ जूनियर महिला एशिया कप के फाइनल में प्रवेश कर लिया। सुप्रिया ने तीनों गोल पेनल्टी कॉर्नर पर किए। भारत का सामना अब चीन और जापान के बीच होने वाले दूसरे सेमीफाइनल के विजेता से होगा।
पहले क्वार्टर में ही भारत ने खोला खाता
दोनों टीमों ने संभलकर शुरुआत की लेकिन भारत ने 13वें मिनट में खाता खोला जब मधु सिदर ने शानदार फील्ड गोल पर टीम को 1-0 से बढ़त दिलाई। दूसरे क्वार्टर में भारतीय खिलाड़ियों ने कोरियाई गोल पर लगातार हमले बोले। भारत को 17वें मिनट में मिले पेनल्टी कॉर्नर पर सुप्रिया ने गोल करके बढ़त दोगुनी कर दी। भारत ने गेंद पर नियंत्रण के मामले में दबदबा बनाए रखा और 21वें मिनट में कोरियाई गोल के 23 मीटर के भीतर हवा में आई गेंद को भारतीय विंगर ने लपका और सर्कल के भीतर शानदार क्रॉस दिया। इसे सुखवीर ने गोल में बदलकर स्कोर 3-0 कर दिया।
कोरियाई हमलों को किया नाकाम
भारत को 33वें मिनट में मिले पेनल्टी कॉर्नर को सुप्रिया ने गोल में बदला। दक्षिण कोरिया के लिए यूरी जियोंग ने 41वें मिनट में पेनल्टी कॉर्नर पर गोल करके स्कोर 4-1 किया। भारत ने आखिरी क्वार्टर में बेहतरीन डिफेंस का प्रदर्शन करते हुए कोरियाई हमलों को नाकाम कर दिया। भारत के लिए पांचवां गोल 56वें मिनट में सुप्रिया ने पेनल्टी कॉर्नर पर किया।
सेमीफाइनल मुकाबले में भारतीय टीम का प्रदर्शन दमदार रहा।सुप्रिया ने शानदार खेल दिखाते हुए पेनल्टी कॉर्नर पर तीन गोल दागते हुए हैट्रिक लगाई। अपना खिताब बचाने की राह पर चल रही भारतीय टीम ने संभलकर शुरुआत करने के बाद खेल पर नियंत्रण बनाया और धीरे-धीरे बढ़त बनाई। दक्षिण कोरिया को भारत के अटैकिंग खेल को रोकने में संघर्ष करना पड़ा, जबकि मौजूदा चैंपियन ने गेंद पर कब्जा और मैदान पर अपना दबदबा बनाए रखा। दक्षिण कोरिया ने हाफ टाइम से पहले कुछ मौके बनाने की कोशिश की, लेकिन भारत का डिफेंस मजबूती से डटा रहा और हाफ टाइम तक तीन गोल की बढ़त बनाए रखी।