विश्व कप के लिए क्वालिफाई कर चुकी भारतीय महिला हॉकी टीम की नजरें अब एफआईएच विश्व कप क्वालिफायर जीतने पर लगी है। इसके लिए शुक्रवार को इटली के खिलाफ सेमीफाइनल जीतना पहला कदम होगा। भारतीय महिला हॉकी टीम पूल बी में तीन मैचों में सात अंक लेकर शीर्ष पर रही। स्कॉटलैंड के भी सात अंक थे लेकिन गोल औसत में पिछड़ने के कारण वह दूसरे स्थान पर है। एफआईएच महिला और पुरुष विश्व कप नीदरलैंड और बेल्जियम में 15 से 30 अगस्त तक खेला जाएगा।
पूल चरण में कैसा रहा दोनों टीमों का सफर
भारत ने पूल चरण में दो मैच जीते और एक ड्रॉ खेला। इटली पूल ए में दूसरे स्थान पर रही जिसने एक मैच जीता, एक ड्रॉ खेला और एक गंवाया। भारत के लिए फॉरवर्ड नवनीत कौर ने बेहतरीन प्रदर्शन किया है जो अब तक चार गोल कर चुकी हैं। उन्होंने वेल्स के खिलाफ आखिरी पूल मैच में हैट्रिक लगाई थी। इटली की उम्मीदें फेडरिका कार्टा पर टिकी होंगी जो अब तक तीन गोल कर चुकी हैं। कागजों पर भारत का पलड़ा भारी लग रहा है। आमने-सामने के मुकाबलों में दोनों टीमें 2012 से अब तक एक दूसरे के खिलाफ सात बार खेली हैं जिनमें से पांच भारत ने जीते, एक इटली ने और एक मैच ड्रॉ रहा।
मारिन ने इटली को बताया प्रतिस्पर्धी टीम
भारत के मुख्य कोच शोर्ड मारिन ने कहा, एफआईएच हॉकी महिला विश्व कप 2026 में जगह बनाना इस टीम के लिए बड़ी उपलब्धि है। खिलाड़ियों ने टूर्नामेंट में जिस तरह का प्रदर्शन किया, वह काबिले तारीफ है। हम यहां सिर्फ क्वालिफाई करने नहीं आए हैं। हम मैच दर मैच प्रदर्शन में सुधार करके टूर्नामेंट जीतना चाहते हैं। सेमीफाइनल एक और बड़ी चुनौती है और हम पूरे फोकस के साथ खेलेंगे। इटली काफी प्रतिस्पर्धी टीम है और मजबूत टीमों को चुनौती देने में सक्षम है। हमारा ध्यान रणनीति पर अमल पर रहेगा और इसी ऊर्जा तथा आत्मविश्वास के साथ खेलना चाहेंगे।