अनुभवी स्ट्राइकर एस वी सुनील की करीब नौ महीने के बाद भारतीय हॉकी टीम में वापसी हुई है। साथ ही गोलरक्षक सूरज करकेरा और डिफेंडर जर्मनप्रीत सिंह भी लंबे अंतराल के बाद फिर से टीम में जगह बनाने में कामयाब हुए हैं। स्ट्राइकर शमशेर सिंह और मिडफील्डर आशीष टोपो टीम में जगह पाने वाले नए चेहरे हैं। जापान में इन दोनों की भारत की सीनियर हॉकी टीम के लिए अपने अंतर्राष्ट्रीय करियर का आगाज करने का मौका मिल सकता है। कोर ग्रुप में रहने के बावजूद अनुभवी ड्रैग फ्लिकर रूपिंदर पाल सिंह को एक बार फिर टीम में जगह नहीं मिल पाई है।
भारत के चीफ कोच ग्राहम रीड ने कहा कि मनप्रीत, श्रीजेश और सुरेन्दर जैसे कई अनुभवी खिलाडिय़ों को आराम दिए जाने का मकसद है कि नवंबर में होने वाले ओलंपिक क्वॉलिफाइंग के लिए ये सभी फिट रहे। दरअसल ये सभी पिछले करीब एक बरस से बराबर भारतीय टीम के लिए खेल रहे हैं। हम चाहते हैं ओलंपिक क्वॉलिफाइंग से पहले इन सभी को आराम मिले ही और जो कुछ भी हल्की चोट भी हो उससे भी पूरी तरह उबर जाए। ओलंपिक टेस्ट इवेंट कुछ खिलाड़ियों को अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपनी कूवत दिखाने का मौका देगा। इस इवेंट में विश्व रैंकिंग के अंक दांव पर नहीं है। ऐसे में हमें जापान टोक्यो में होने वाले ओलंपिक खेलों के लिए कितना तैयार है।