फीफा विश्व कप 2026 के राउंड ऑफ-16 में स्पेन ने इंजरी टाइम (90+1') में मिकेल मेरिनो के गोल की बदौलत पुर्तगाल को 0-1 से हराकर बाहर कर दिया। इस हार के साथ क्रिस्टियानो रोनाल्डो का विश्व कप सफर समाप्त हो गया। उन्होंने पहले ही स्पष्ट कर दिया था कि 2026 उनके करियर का आखिरी फीफा विश्व कप होगा।
फुटबॉल इतिहास के सबसे महान खिलाड़ियों में शामिल क्रिस्टियानो रोनाल्डो का फीफा विश्व कप जीतने का सपना आखिरकार अधूरा ही रह गया। फीफा विश्व कप 2026 के राउंड ऑफ-16 में स्पेन ने पुर्तगाल को 0-1 से हराकर टूर्नामेंट से बाहर कर दिया। अंतिम सीटी बजते ही 41 वर्षीय रोनाल्डो भावुक हो गए और मैदान पर उनकी आंखों से आंसू छलक पड़े। मैच से पहले उन्होंने साफ कर दिया था कि 2026 विश्व कप उनके करियर का आखिरी विश्व कप होगा।
मैच से पहले ही कर दिया था बड़ा एलान
स्पेन के खिलाफ मुकाबले से पहले आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस में रोनाल्डो ने कहा था कि फीफा विश्व कप 2026 उनके करियर का अंतिम विश्व कप होगा। उन्होंने कहा था, 'हां, यह मेरा आखिरी विश्व कप है। अब इसका पूरा आनंद लेना है।' उनके इस बयान के बाद दुनिया भर के फुटबॉल प्रशंसकों की निगाहें इस बात पर थीं कि क्या वह अपने आखिरी विश्व कप को यादगार बना पाएंगे, लेकिन किस्मत ने उनका साथ नहीं दिया।
पुर्तगाल बनाम स्पेन
- फोटो : Fifa.com
90+1वें मिनट में टूटा पुर्तगाल का सपना
डलास में खेले गए राउंड ऑफ-16 मुकाबले में दोनों टीमों के बीच पूरे मैच में कांटे की टक्कर रही। पहले हाफ में दोनों टीमों को कई मौके मिले, लेकिन कोई भी गोल नहीं हो सका। दूसरे हाफ में भी मुकाबला बराबरी पर चलता रहा और ऐसा लग रहा था कि मैच अतिरिक्त समय में जाएगा। लेकिन 90+1वें मिनट में स्पेन के सब्स्टीट्यूट फेरान टोरेस ने शानदार पास दिया, जिस पर मिकेल मेरिनो ने बेहतरीन फिनिश करते हुए गोल कर दिया। यही गोल निर्णायक साबित हुआ और अंतिम सीटी के साथ पुर्तगाल का विश्व कप अभियान समाप्त हो गया।
आखिरी सीटी के बाद भावुक हुए रोनाल्डो
मैच खत्म होते ही रोनाल्डो खुद को संभाल नहीं सके। अंतिम सीटी बजते ही वह मैदान पर भावुक होकर रो पड़े। विश्व कप ट्रॉफी जीतने का उनका सपना एक बार फिर अधूरा रह गया। उनके आंसुओं ने करोड़ों फुटबॉल प्रशंसकों को भी भावुक कर दिया। हालांकि, रोनाल्डो ने फुटबॉल से संन्यास लेने का कोई ऐलान नहीं किया है। उन्होंने सिर्फ इतना कहा था कि फीफा विश्व कप 2026 उनके करियर का आखिरी विश्व कप होगा।
विश्व कप में बनाया अनोखा इतिहास
क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने अपने करियर में छह फीफा विश्व कप खेले और 27 मैचों में 11 गोल किए। वह लगातार छह अलग-अलग विश्व कप संस्करणों में गोल करने वाले दुनिया के पहले पुरुष फुटबॉलर बने। कई व्यक्तिगत रिकॉर्ड अपने नाम करने के बावजूद वह पुर्तगाल को विश्व कप चैंपियन नहीं बना सके।
एक युग का अंत
स्पेन से मिली हार सिर्फ पुर्तगाल की हार नहीं थी, बल्कि विश्व कप के मंच पर एक सुनहरे अध्याय का भी अंत थी। छह विश्व कप खेलने वाले क्रिस्टियानो रोनाल्डो ने अपने करियर में कई ऐसे रिकॉर्ड बनाए, जिन्हें तोड़ना आसान नहीं होगा। क्लब फुटबॉल और अंतरराष्ट्रीय फुटबॉल में उन्होंने लगभग हर बड़ा सम्मान हासिल किया, लेकिन विश्व कप ट्रॉफी जीतने का सपना आखिर तक अधूरा ही रह गया। स्पेन के खिलाफ खेला गया यह मुकाबला उनके विश्व कप करियर का आखिरी मैच बन गया और अंतिम सीटी के साथ विश्व फुटबॉल के एक यादगार दौर पर भी विराम लग गया।