पॉलीक इमरे, वर्गा जानोस और कोजमा इस्तवान मेमोरियल सीनियर रैंकिंग टूर्नामेंट के तीसरे दिन भारत ने शानदार प्रदर्शन किया। पूर्व अंडर-17 विश्व चैंपियन नेहा ने महिलाओं के 59 किलोग्राम वर्ग में स्वर्ण पदक जीता। यह टूर्नामेंट में भारत का दूसरा स्वर्ण पदक है।
दबाव में कैसी रणनीति का प्रदर्शन?
नेहा ने फाइनल मुकाबले में अमेरिका की एबिगेल ई. नेट को 6-4 से हराया। उन्होंने दबाव में भी बेहतरीन रणनीति का प्रदर्शन किया। यह जीत ओलंपिक कांस्य पदक विजेता अमन सहरावत के पहले दिन के स्वर्ण पदक के समान थी। महिलाओं के 62 किलोग्राम वर्ग में भारत ने एक रजत और एक कांस्य पदक जीता।
चोट के कारण रजत पदक से संतोष
मानसी कनाडा की एना पी. गोडिनेज गोंजालेज के खिलाफ स्वर्ण पदक मैच में पहुंची। चोट के कारण उन्हें रजत पदक से संतोष करना पड़ा। इसी भार वर्ग के कांस्य पदक प्ले-ऑफ में सविता ने कजाकिस्तान की इरीना कुजनेत्सोवा को 14-5 से हराया।
आगे कितनी चुनौतियां?
इन तीन पदकों के साथ भारत के कुल पदकों की संख्या आठ हो गई है। इसमें दो स्वर्ण, दो रजत और चार कांस्य पदक शामिल हैं। शनिवार को महिलाओं के शेष वर्ग और ग्रीको-रोमन डिवीजन के मुकाबले शुरू होंगे।
किन धुरंधरों के कंधों पर जवाबदेही?
महिलाओं की कुश्ती में निशु (53 किलोग्राम), नेहा शर्मा (57 किलोग्राम), दीक्षा मलिक (72 किलोग्राम) और प्रिया (76 किलोग्राम) भारत की चुनौती संभालेंगी। ग्रीको-रोमन में अनिल (72 किलोग्राम), रोहित बुरा और कुमार सुनील (87 किलोग्राम) मैट पर उतरेंगे।