पंजाब में एनआरआई के घर से पकड़ी गई 130 करोड़ की हेरोइन के मामले में नया खुलासा हुआ है। पुलिस की पूछताछ में बॉक्सर रामसिंह ने स्वीकार किया है कि भारतीय मुक्केबाज विजेंदर सिंह ड्रग्स लेते हैं।
रामसिंह ने पुलिस को बताया कि वह और विजेंदर ड्रग्स लेते रहे हैं। उसने बताया कि विजेंदर ने एनआईए कैंप के दौरान भी ड्रग्स लिया था। विजेंदर डोप टेस्ट में पकड़े जाने से बचने के लिए ड्रग्स लेने के बाद ग्लूकोज पी लेता था। वहीं, पकड़े गए ड्रग्स डीलर अनूप सिंह काहलों ने विजेंदर सिंह और राम सिंह को अपना ग्राहक बताया है।
गौरतलब है कि पंजाब पुलिस ने एक एनआरआई ड्रग्स डीलर की निशानदेही पर जीरकपुर के एक फ्लैट से 130 करोड़ रुपये की 26 किलो हेरोइन बरामद की है। जिस फ्लैट से पुलिस ने हेरोइन पकड़ी है, उसी फ्लैट के बाहर बॉक्सर विजेंद्र की पत्नी अर्चना की कार भी खड़ी मिली।
एनआरआई ड्रग्स डीलर ने इस मामले में पुलिस को बताया कि था कि वह इस हेरोइन को बॉक्सर विजेंदर और रामसिंह को बेचता था। वहीं, लुधियाना रेंज के डीआईजी एमएफ फारूकी ने देर रात एक बयान जारी कर कहा कि एनआरआई अनूप सिंह काहलों ने विजेंदर सिंह और राम सिंह समेत कुछ खिलाडि़यों के बारे में खुलासे किये हैं, जिसकी इस समय जांच की जा रही है।
इससे पहले शुक्रवार को भारतीय मुक्केबाज विजेंदर सिंह ने हेरोइन तस्कर के साथ किसी भी तरह के संबंधों से इनकार किया था। विजेंदर ने कहा कि जांच में यह आरोप गलत साबित होगा।
विजेंदर ने कहा, 'मैं इस आरोप से हैरान हूं। फिलहाल मैं मुंबई में हूं। हालांकि मेरे मित्रों ने मेरी पत्नी की कार से मुझे एयरपोर्ट तक छोड़ा था, लेकिन मुझे नहीं पता कि वह कार जीरकपुर में फ्लैट के बाहर कैसे पहुंच गई।'
उन्होंने कहा, 'मुझे एयरपोर्ट छोड़ने के बाद मेरे मित्रों ने कार का इस्तेमाल किया होगा, लेकिन इस मामले में मेरा नाम क्यों जोड़ा जा रहा है, यह मेरी समझ में नहीं आ रहा।' विजेंदर ने कहा कि पुलिस को कार से कुछ भी नहीं मिला है और ना ही पुलिस ने उनसे संपर्क किया है।