भारतीय बैडमिंटन स्टार पीवी सिंधु के बाद लक्ष्य सेन ने भी बीडब्ल्यूएफ वर्ल्ड टूर फाइनल्स के सेमीफाइनल में जगह बना ली है। दो बार की ओलंपिक विजेता सिंधु ने जर्मनी की युवोन ली को सीधे सेटों में हराकर ग्रुप स्टेज में लगातार दूसरा मैच जीता और उनका सेमीफाइनल में पहुंचीं। वहीं लक्ष्य सेन हार के बावजूद सेमीफाइनल में पहुंच गए क्योंकि क्योंकि दुनिया के नंबर एक खिलाड़ी और दो बार के विश्व चैंपियन केंतो मोमोता और रसमस गेमके इस टूर्नामेंट से हट चुके हैं।
दूसरे गेम में लक्ष्य को डेनमार्क के विक्टर ने 21-14, 21-15 से हराया। 46 मिनट तक चले इस मैच में लक्ष्य ने काफी संघर्ष किया। भारतीय खिलाड़ी कभी भी अपनी लय नहीं पकड़ सका, लेकिन सेमीफाइनल में उनके पास वापसी का मौका है।
सिंधु का शानदार प्रदर्शन जारी
जर्मन खिलाड़ी के खिलाफ सिंधु ने 31 मिनट में जीत दर्ज की। उन्होंने युवोन ली को 21-10, 21-13 से हराया। इससे पहले उन्होंने डेनमार्क की लिन क्रिस्टोफरसेन को 21-14, 21-16 से हराया था। यह मैच भी 38 मिनट में खत्म हो गया था। उन्होंने अपने दोनों मैच 40 मिनट के अंदर जीते हैं। इससे पहले भी दो टूर्नामेंट में सिधु सेमीफाइनल में पहुंच चुकी हैं, लेकिन टूर्नामेंट जीत नहीं पाई हैं।
दूसरे मैच में श्रीकांत हारे
दुनिया के पूर्व नंबर एक खिलाड़ी श्रीकांत को दूसरे मैच में हार का सामना करना पड़ा है। उन्होंने अपने पहले मैच में फ्रांस के टोमा जूनियर पोपोव को 42 मिनट में 21-14, 21-16 से मात दी थी। वहीं चिराग और सात्विक की जोड़ी ने इस टूर्नामेंट से अपना नाम वापस ले लिया है। इस जोड़ी से पहले साइना नेहवाल ने चोट को चलते विश्व चैंपियनशिप में न खेलने का फैसला किया था। विश्व चैंपियनशिप स्पेन के हुएलवा में 12 से 19 दिसंबर तक खेली जाएगी।
साइना ने पहली बार विश्व चैंपियनशिप से नाम वापस लिया
साइना ग्रोइन और घुटने की चोट से जूझ रही हैं और समय पर फिट नहीं हो सकेंगी। उन्हें उबेर कप में ग्रोइन की चोट लगी थी। डेनमार्क में वह ठीक थी लेकिन चोट पूरी तरह से ठीक नहीं हुई थी। फ्रेंच ओपन खेलते समय चोट बढ़ गई और दर्द होने लगा। उम्मीद है कि वह 15 से 15 दिसंबर तक वापसी कर सकेंगी। साइना ने 2006 के बाद से हमेशा विश्व चैंपियनशिप में भाग लिया है।