भारत के स्टार शटलर और पूर्व विश्व नंबर-एक किदांबी श्रीकांत ने बीडब्ल्यूएफ यूएस ओपन 2026 के सेमीफाइनल में जापान के चौथी वरीयता प्राप्त युदाई ओकिमोटो को 22-20, 15-21, 21-19 से हराकर इस साल पहली बार किसी अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट के फाइनल में प्रवेश किया। 33 वर्षीय भारतीय खिलाड़ी ने यह मुकाबला एक घंटे 12 मिनट में अपने नाम किया।
तीनों गेम में दिखा जबरदस्त संघर्ष
पहले गेम में श्रीकांत ने 17-11 की बढ़त बना ली थी, लेकिन ओकिमोटो ने शानदार वापसी करते हुए गेम प्वाइंट हासिल कर लिया। हालांकि भारतीय खिलाड़ी ने दबाव में संयम बनाए रखा और लगातार दो अंक जीतकर पहला गेम 22-20 से अपने नाम कर लिया। दूसरे गेम में जापानी खिलाड़ी ने वापसी करते हुए 21-15 से जीत दर्ज की और मुकाबले को निर्णायक गेम तक पहुंचा दिया।
तीसरे गेम में भी श्रीकांत ने शुरुआत में बढ़त बनाई, लेकिन ओकिमोटो ने स्कोर 12-12 से बराबर कर दिया। इसके बाद श्रीकांत ने लगातार छह अंक हासिल कर मैच पर पकड़ मजबूत की। अंत में अपने अनुभव का शानदार इस्तेमाल करते हुए उन्होंने 21-19 से मुकाबला जीत लिया।
अब खिताब के लिए होगी चीनी ताइपे के खिलाड़ी से भिड़ंत
फाइनल में श्रीकांत का मुकाबला चीनी ताइपे के सु ली यांग से होगा। सु ने दूसरे सेमीफाइनल में भारत के युवा खिलाड़ी रौनक चौहान को सीधे गेमों में 21-17, 21-19 से हराया।
रौनक चौहान का यादगार अभियान खत्म
19 वर्षीय क्वालिफायर रौनक चौहान ने टूर्नामेंट में शानदार प्रदर्शन किया। उन्होंने क्वालिफाइंग दौर के दोनों मुकाबले जीतने के बाद भारत के शंकर सुब्रमण्यम को हराया। इसके बाद उन्होंने दुनिया के छठे नंबर के खिलाड़ी चाउ टिएन चेन को 21-17, 26-24 से हराकर बड़ा उलटफेर किया। क्वार्टर फाइनल में उन्होंने मिशा जिल्बरमैन को हराया, लेकिन सेमीफाइनल में लगातार मैच खेलने की थकान उन पर भारी पड़ी और उनका शानदार सफर समाप्त हो गया।
देविका सिहाग भी सेमीफाइनल में हारीं
महिला एकल में भारत की देविका सिहाग ने दूसरे वरीयता प्राप्त डेनमार्क की लाइन क्रिस्टोफर्सन के खिलाफ पहला गेम 21-15 से जीतकर शानदार शुरुआत की। हालांकि इसके बाद डेनमार्क की खिलाड़ी ने वापसी करते हुए अगले दोनों गेम 21-11 और 21-15 से जीत लिए।इस हार के साथ देविका का अभियान समाप्त हो गया, जबकि क्रिस्टोफर्सन ने पिछले साल मकाऊ ओपन के बाद पहली बार किसी बीडब्ल्यूएफ टूर्नामेंट के फाइनल में जगह बनाई।