जापान को बैडमिंटन में पहला ओलंपिक गोल्ड दिलाने वाली अयाका ताकाहाशी ने 30 साल की उम्र में संन्यास ले लिया। जापानी महिला बैडमिंटन की युगल विशेषज्ञ खिलाड़ी ताकाहाशी ने मात्सुतोमो के साथ मिलकर 2016 में रियो ओलंपिक में डेनमार्क की क्रिस्टीना पेडर्सन और कामिला रिट्टर जुहल को हराकर महिला युगल का स्वर्ण पदक जीता था।
लेकिन कोरोना वायरस की वजह से इस साल ओलंपिक टलने के बाद अब वे अगले साल ओलंपिक में पदक का बचाव नहीं करेंगी। ताकाहाशी ने घोषणा की है कि वे महीने के अंत में रिटायर हो जाएंगी।
ताकाहाशी ने कोविड-19 महामारी की वजह से ओलंपिक के टलने का हवाला देते हुए कहा कि उनका शरीर एक और साल तक नहीं टिक सकता। बुधवार को एक सम्मेलन में उन्होंने कहा, 'मैंने अपने करियर को 31 अगस्त को समाप्त करने का फैसला किया है।' उन्होंने कहा, 'मुझे इस फैसले पर कोई पछतावा नहीं है। मुझे अपनी उपलब्धियों पर गर्व है।'