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शनि शिंगणापुर मंदिर: शनि जयंती पर नहीं रहेगी मंदिर में भीड़, विधि- विधान से मनाया जाएगा शनि देव का जन्मोत्सव

Mon, 18 May 2020 05:16 PM IST
योगेश जोशी धर्म डेस्क, अमर उजाला

सार

  • 22 मई को शनि जयंती है।
  • दिनभर पंडे-पुजारी पूजा- अर्चना करेंगे।
  • शनैश्चर मंदिर शिंगणापुर 24 घंटे खुला रहता है।
  • शनि जयंती के दिन होने वाला ये उत्सव सुबह चार बजे शुरू हो जाता है।
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Shani Jayanti 2020
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विस्तार
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22 मई को शनि जयंती है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार ज्येष्ट माह की अमावस्या तिथि के दिन शनि देव का जन्म हुआ था। इस दिन शिंगणापुर में शनि देव का जन्मोत्सव काफी धूम- धाम से मनाया जाता है। काफी संख्या में श्रद्धालु यहां पहुंचते हैं और शनि देव का अभिषेक करते हैं, परंतु इस बार लॅाकडाउन की वजह से श्रद्धालु मंदिर परिसर में प्रवेश नहीं कर पाएंगे। 

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सभी परंपराओं के साथ ही शनि देव की पूजा की जाएगी

  • शनि देव का जन्मोत्सव विधि- विधान से मनाया जाएगा, हर बार की तरह इस बार भी सभी परंपराओं के साथ ही शनि देव की पूजा की जाएगी, बस इस बार भक्तों की भीड़ मंदिर में देखने को नहीं मिलेगी।


सोशल डिस्टेंसिंग और लॉकडाउन के नियमों का होगा पालन

  • इस बार शनि जयंती पर मंदिर परिसर में सोशल डिस्टेंसिंग और लॉकडाउन के नियमों का पूरा पालन किया जाएगा। 

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दिन भर होगी पूजा- अर्चना 

  • शनि जयंती पर दिनभर पंडे-पुजारी पूजा- अर्चना करेंगे। मंत्र जप और शनि देव का तेलाभिषेक दिन भर विधि-विधान से चलता रहेगा। शनि जयंती के दिन होने वाला ये उत्सव सुबह चार बजे शुरू हो जाता है और रात के 11 बजे तक चलता है।


शनि जयंती के दिन रहती है भीड़ 

  • हर साल शनैश्चर मंदिर शिंगणापुर में काफी संख्या में श्रद्धालु दर्शन के लिए आते हैं। पिछले साल लगभग दो लाख लोग दर्शन के लिए यहां पहुंचे थे। परंतु इस बार किसी को भी आने की अनुमती नहीं दी जाएगी। 


24 घंटे खुला रहता है मंदिर

  • शनैश्चर मंदिर शिंगणापुर 24 घंटे खुला रहता है। यहां पर शनि देव की प्रतिमा भी खुले आसमान के नीचे है। इस पावन स्थान में आज भी किसी प्रकार की चोरी का कोई डर नहीं रहता है। 


2016 से पहले महिलाएं नहीं चढ़ा सकती थी तेल

  • शनैश्चर मंदिर शिंगणापुर में पहले महिलाओं को पूजा करने की अनुमती नहीं थी। महिलाओं को सिर्फ दूर से ही दर्शन करने दिया जाता था, परंतु 2016 से महिलाओं को शनिदेव की पूजा की अनुमति मिल गई। ऐसा कोर्ट के फैसले के बाद हुआ। 

 

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