फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

जहां मंदिर पर लिखी मनोकामना पूरी करते हैं हनुमान

Fri, 22 Feb 2013 01:16 PM IST
नई दिल्ली/इंटरनेट डेस्क।
विज्ञापन
विज्ञापन
मान्यता है कि भगवान राम पृथ्वी पर अपना उद्देश्य पूरा करके वैकुण्ठ चले गये। लेकिन भक्तों की मनोकामना पूरी करने के लिए और धर्म की रक्षा के लिए भगवान राम हनुमान जी को अमरता का वरदान देकर पृथ्वी पर रहने का आदेश दे गये। यही कारण है कि कलियुग में हनुमान जी सबसे प्रमुख देवता माने जाते हैं। जो व्यक्ति हनुमान जी की भक्ति और उपासना करता है हनुमान जी उनकी सब प्रकार से रक्षा करते हैं।
विज्ञापन


हनुमान जी के प्रति ऐसी आस्था के कारण ही मंगलवार और शनिवार के दिन हनुमान जी के दर्शनों के लिए मंदिर के बाहर लंबी कतार मिलती है। यही स्थिति रहती है बिहार के दरभंगा जिला में राज परिसर में स्थिति मनोकामना मंदिर में। इस मंदिर के विषय में मान्यता है कि यहां से मांगी गयी मुराद जरूर पूरी होती है। इसलिए इस मंदिर का नाम ही मनोकामना मंदिर पड़ गया है। लेकिन इस मंदिर में स्थित हनुमान जी से अपनी मनोकामना पूरी करवाने का तरीका अनूठा है।

कुछ मंदिरों में हनुमान जी को प्रसन्न करने के लिए भक्त हनुमान जी को लंगोटा चढ़ाते हैं तो कहीं सिंदूर अर्पित करते हैं। लेकिन दरभंगा के मनोकामना मंदिर में मनोकामना पूरी करवाने के लिए लोग घर से कलम या पेंसिल लेकर आते हैं। मंदिर के बाहर लड्डूओं के दुकान से प्रसाद खरीदते हैं और हनुमान जी को प्रसाद अर्पित करते हैं। इसके बाद मंदिर के चारों ओर घूमकर प्रदक्षिणा करते हैं। पूजा करने के बाद कलम अथवा पेंसिल से मंदिर की दीवारों पर अपनी मनोकामना लिखते हैं। इसलिए मंदिर की पूरी दीवार पर कुछ कुछ लिखा मन्नत लिखा हुआ दिखेगा।
विज्ञापन


इस मंदिर का निर्माण समतल भूमि से लगभग सात फुट की ऊंचाई पर एक बड़े से चबूतरे पर किया गया है। मंदिर सफेद संगमरमर पत्थर का बना हुआ है। हनुमान जी का दर्शन करने के लिए मंदिर के बाहर घुटने पर बैठना पड़ता है क्योंकि मंदिर का आकार छोटा है। इसमें हनुमान जी की एक छोटी सी मूर्ति विराजमान है। माना जाता है कि इस मंदिर का निर्माण महाराजा रामेश्वर सिंह ने अपने किसी रिश्तेदार के लिए करवाया था जिनका कद काफी छोटा था।
विज्ञापन

और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें