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घर की छत पर हनुमान ध्वज और द्वार पर चौपाई लिखवाने से दूर होती हैं नकारात्मक शक्तियां

Wed, 20 May 2026 07:19 AM IST
Vinod Shukla धर्म डेस्क, अमर उजाला

सार

हिंदू धर्म में हनुमान जी की पूजा का विशेष महत्व होता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार हनुमान जी पूजा करने और घर पर हनुमान ध्वज लगाने से सभी तरह की नकारात्मक शक्तियां दूर होती हैं।
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हनुमान ध्वज का महत्व - फोटो : अमर उजाला AI
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विस्तार
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सनातन धर्म में हनुमान जी को संकटों को हरने वाले, भय को दूर करने वाले और भक्तों की रक्षा करने वाले देवता माना गया है। धार्मिक और पौराणिक मान्यताओं के अनुसार जिस घर पर हनुमान जी की कृपा होती है, वहां नकारात्मक शक्तियां, भय और अशांति अधिक समय तक नहीं टिकतीं। यही कारण है कि बहुत से लोग अपने घर की छत पर हनुमान जी या श्रीराम के नाम का ध्वज लगाते हैं और मुख्य द्वार पर पवित्र चौपाइयां लिखवाते हैं। मान्यता है कि इससे घर में सुख-शांति, सकारात्मक ऊर्जा और ईश्वरीय कृपा बनी रहती है।

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छत पर हनुमान जी का झंडा लगाने का महत्व
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार घर की छत पर लाल या भगवा रंग का हनुमान ध्वज लगाने से घर में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। लाल रंग को शक्ति, साहस और उत्साह का प्रतीक माना गया है। मान्यता है कि जहां हनुमान जी का ध्वज लहराता है, वहां नकारात्मक शक्तियां और बुरी नजर अपना प्रभाव नहीं दिखा पातीं। पौराणिक दृष्टि से हनुमान जी भगवान श्रीराम के परम भक्त हैं, इसलिए उनके ध्वज को घर पर लगाने से श्रीराम और हनुमान दोनों की कृपा प्राप्त होने की मान्यता है। विशेष रूप से मंगलवार और शनिवार के दिन ध्वज लगाना अत्यंत शुभ माना गया है। कई लोग ध्वज लगाने से पहले सुंदरकांड या हनुमान चालीसा का पाठ भी करते हैं।

मुख्य द्वार पर चौपाई लिखवाने का महत्व
धार्मिक मान्यता के अनुसार घर का मुख्य द्वार केवल प्रवेश का स्थान नहीं, बल्कि ऊर्जा के आने-जाने का मार्ग भी होता है। इसलिए मुख्य द्वार पर पवित्र चौपाइयां लिखवाने की परंपरा बहुत पुरानी मानी जाती है। विशेष रूप से यह चौपाई अत्यंत शुभ मानी जाती है।
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“मंगल भवन अमंगल हारी।
द्रवहु सुदसरथ अजिर बिहारी॥”


इसके साथ ही संकटों को दूर करने वाली यह चौपाई भी बहुत प्रभावशाली मानी जाती है।

“दीन दयाल बिरदु संभारी।
हरहु नाथ मम संकट भारी॥”


यह चौपाई रामचरितमानस में वर्णित है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इन चौपाइयों का स्मरण और लेखन घर में शुभता, शांति और ईश्वरीय संरक्षण को बढ़ाता है। मान्यता है कि इन चौपाइयों से घर का वातावरण पवित्र बना रहता है और परिवार के सदस्यों के मन में सकारात्मकता आती है।

बुरी नजर और नकारात्मकता से रक्षा की मान्यता
पौराणिक मान्यताओं के अनुसार हनुमान जी का स्मरण करने से भय, भूत-प्रेत बाधा और नकारात्मक शक्तियां दूर रहती हैं। इसलिए बहुत से लोग अपने घर के बाहर हनुमान जी से जुड़ी चौपाइयां या प्रतीक चिह्न लगवाते हैं। मान्यता है कि इससे घर पर आने वाली विपत्तियां कम होती हैं और परिवार सुरक्षित रहता है।

इन बातों का रखें ध्यान
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार हनुमान ध्वज हमेशा साफ और सम्मानजनक स्थिति में होना चाहिए। फटा हुआ या धूल-मिट्टी से भरा ध्वज शुभ नहीं माना जाता। इसी प्रकार मुख्य द्वार पर लिखी चौपाइयों को भी स्वच्छ रखना चाहिए। चौपाई लिखवाते समय शब्दों की शुद्धता का विशेष ध्यान रखना आवश्यक माना गया है, क्योंकि शुद्ध मंत्र और चौपाइयां ही शुभ फल प्रदान करती हैं।

डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।   

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