तुलसी पूजन का महत्व
तुलसी जी भगवान विष्णु जी की अर्धांगिनी हैं, जो माता लक्ष्मी का ही स्वरूप हैं। तुलसी मां की पूजा करने से साधक की सभी मनोकामनाएं पूर्ण होती हैं। साथ ही घर में सुख, शांति और समृद्धि का आगमन होता है। इसके अलावा, रोग व्याधि से भी साधक को मुक्ति मिलती है। तुलसी की कोई भी अराधना व्यर्थ नहीं जाती। मान्यता हैं कि अगर आप तुलसी की कोई भी पूजा या मंत्र आदि का जाप कर नहीं कर पा रहे हो तो सिर्फ तुलसी में रोजाना (रविवार छोड़कर) जल देना ही आपके सभी मनोरथ को सिद्ध कर सकता है। इनकी पूजा से साक्षात भगवान विष्णु को प्रसन्न करने वाली है।
जल चढ़ाते वक्त पढ़ें ये मंत्र
तुलसी को जल चढ़ाते वक्त आपको निम्नलिखित मंत्र पढ़ने चाहिए। 'महाप्रसादजननी सर्व सौभाग्यवर्धिनी। आधि व्याधि हरा नित्यं तुलसी त्वं नमोस्तुते।। इसके बाद तुलसी की परिक्रमा कीजिए और उसके बाद मां तुलसी का ध्यान कीजिए। परिक्रमा 5, 11, 21 या 101 बार की जा सकती है।
दिव्य तुलसी मंत्र
इन मंत्रों का उच्चारण करते समय मां तुलसी का ध्यान करें।
देवी त्वं निर्मिता पूर्वमर्चितासि मुनीश्वरैः । नमो नमस्ते तुलसी पापं हर हरिप्रिये ।।
ॐ श्री तुलस्यै विद्महे।
विष्णु प्रियायै धीमहि।
तन्नो वृन्दा प्रचोदयात्।।
तुलसी श्रीर्महालक्ष्मीर्विद्याविद्या यशस्विनी।
धर्म्या धर्मानना देवी देवीदेवमन: प्रिया।।
लभते सुतरां भक्तिमन्ते विष्णुपदं लभेत्।
तुलसी भूर्महालक्ष्मी: पद्मिनी श्रीर्हरप्रिया।।
तुलसी के आठ नामों का जप कल्याणकारी
तुलसी के आठ नाम वृंदा, वृंदावनी, विश्वपावनी, विश्वपूजिता, पुष्पसारा, नंदिनी, तुलसी और कृष्णजीवनी - ये तुलसी देवी के आठ नाम हैं। शास्त्रों के अनुसार जो व्यक्ति तुलसी की पूजा करके इस नामाष्टक का पाठ करता है, उसे अश्वमेध यज्ञ का फल प्राप्त होता है,उसके सभी दुःख दूर होते हैं।
तुलसी पूजा में रखें इन बातों का ध्यान
पौराणिक मान्यताओं के अनुसार तुलसी पूजा को लेकर कुछ विशेष नियम और सावधानियां हैं जिनका ध्यान रखा जाना चाहिए।
- तुलसी के पत्ते हमेशा सुबह के समय ही तोड़ना चाहिए।
- रविवार के दिन तुलसी के पौधे को स्पर्श न करें और न ही इसके पत्र तोड़ें।
- भगवान विष्णु और इनके अवतारों को तुलसी दल जरूर अर्पित करना चाहिए।
- भगवान गणेश और मां दुर्गा को तुलसी कतई न चढ़ाएं।
- पूजा में तुलसी के पुराने पत्तों का भी प्रयोग किया जा सकता है।
- तुलसी के पत्तों को हमेशा चुटकी बजाकर ही तोड़ना चाहिए।