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सावन में क्यों है भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा का महत्व, जानिए सरल पूजन विधि

Tue, 04 Aug 2026 05:17 PM IST
विनोद शुक्ला धर्म डेस्क, अमर उजाला

सार

सावन के पवित्र महीने में भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा का विशेष महत्व होता है। इस माह शिवजी की विशेष उपासना करने से शिवजी प्रसन्न होते हैं और हर तरह की मनोकामनाएं पूरी होती हैं। 
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सावन पूजा विधि - फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
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हिंदू धर्म में सावन के महीने का विशेष महत्व होता है। यह महीना भगवान शिव की पूजा-आराधना के लिए सबसे पवित्र और शुभ फलदायक माना गया है। सावन में शिव जी सबसे ज्यादा प्रसन्न रहते हैं इसलिए इस महीने विधि-विधान के साथ इनकी पूजा होती है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस माह शिवजी की पूजा करने से सभी तरह की मनोकामनाएं पूरी होती हैं और जीवन  में सुख-समृद्धि का वास होता है। सावन में विशेष रूप से सोमवार, सावन मासिक शिवरात्रि पर पूजा का महत्व होता है। इस दिन शिवलिंग के दर्शन, जलाभिषेक, बेलपत्र और शिव मंत्रों का जाप करना बहुत ही फलदायी माना जाता है। आइए जानते हैं सावन में भगवान शिव की कैसी पूजा करें और किन मंत्रों का जाप करना शुभ माना जाता है। 
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सावन में भगवान शिव की पूजा
सावन के महीने में हर दिन सबसे पहले सूर्योदय से पहले उठकर स्नान करें और साफ कपड़े पहनकर भगवान शिव और माता पार्वती की पूजा का संकल्प लें। फिर शिवलिंग के सामने दीपक और धूप जलाकर पूजा-अर्चना करें।

शिवलिंग का जलाभिषेक
सावन में शिवलिंग का जलाभिषेक करने का विशेष महत्व होता है। सुबह सबसे पहले शिवलिंग पर गंगाजल, शुद्ध जल, दूध, दही, घी, शहद और शक्कर से अभिषेक करें। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार सावन में जलाभिषेक करने से भगवान शिव जल्दी प्रसन्न होते हैं और हर तरह की मनोकामनाएं पूरी होती हैं। 

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सावन पूजन सामग्री
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सावन का महीना बहुत ही शुभ और पवित्र माना जाता है। शिवलिंग पर अभिषेक करने के बाद भगवान शिव को बेलपत्र, धूतरा, सफेद फूल, सफेद चंदन, भस्म और भांग अर्पित करें। इन सभी पूजा सामग्री में बेलपत्र चढ़ाना ना भूले।

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सावन में मंत्रों का जाप

ॐ नमः शिवाय

ॐ त्र्यम्बकं यजामहे सुगन्धिं पुष्टिवर्धनम्।
उर्वारुकमिव बन्धनान्मृत्योर्मुक्षीय मामृतात्॥

पूजा में शिव आरती 
भगवान शिव जल्द प्रसन्न होने वाले देवता है जो मात्र एक लोटा जल में भी प्रसन्न हो जाते हैं। शिवलिंग की पूजा के बाद अंत में भगवान शिव की आरती करें। इससे परिवार में सुख, शांति और समृद्धि आती है। 

सावन पूजन का महत्व
सावन में भगवान शिव की पूजा-आराधना और जलाभिषेक करने से वे प्रसन्न होते हैं और जीवन में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है। सावन में मंत्रों का जाप, जलाभिषेक और व्रत करने से भगवान शिव और माता पार्वती की विशेष कृपा मिलती है। 

डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।
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