आज मासिक शिवरात्रि है। यह व्रत हर महीने में पड़ता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार इस व्रत का बहुत अधिक महत्व होता है। इस दिन भगवान शिव की पूजा की जाती है। मासिक शिवरात्रि के दिन भगवान शिव की पूजा करने से सभी मनोकामनाएं पूरी होती हैं। आइए, आज जानते हैं मासिक शिवरात्रि पूजा विधि, महत्व और शुभ मुहूर्त...
विज्ञापन
2 of 5
masik shivratri may 2020
- फोटो : Pixabay
मासिक शिवरात्रि का महत्व
मासिक शिवरात्रि के व्रत का बहुत अधिक महत्व होता है। इस दिन व्रत रखने से भगवान शिव की विशेष कृपा प्राप्त होती है।
मासिक शिवरात्रि के दिन व्रत रखने से क्रोध, ईष्र्या, अभिमान और लोभ से मुक्ति मिलती है।
विज्ञापन
3 of 5
masik shivratri may 2020
पूजा विधि
मासिक शिवरात्रि के दिन सुबह स्नान करने के बाद घर के मंदिर में दीप जलाएं।
सबसे पहले भगवान गणेश की पूजा करें। गणेश भगवान प्रथम पूजनीय देव हैं, किसी भी शुभ कार्य से पहले भगवान गणेश की पूजा की जाती है।
अगर आपके घर में शिवलिंग है तो शिवलिंग का गंगा जल से अभिषेक करें। गंगा जल नहीं होने पर आप साफ पानी से भी भोले बाबा का अभिषेक कर सकते हैं।
जिनके घर में शिवलिंग नहीं है वो भोले बाबा का ध्यान करें।
भगवान शिव की आरती करें।
भगवान शिव के साथ माता पार्वती की आरती भी करें।
इस दिन अपनी इच्छानुसार भगवान शंकर को भोग लगाएं। भगवान को सात्विक आहार का ही भोग लगाएं। भोग में कुछ मीठा भी शामिल करें।
4 of 5
masik shivratri may 2020
इस व्रत के करने से विवाह संबंधित दिक्कतें दूर हो जाती हैं
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार कुंवारी कन्याओं के लिए ये व्रत श्रेष्ठ माना गया है। जिन कन्याओं के विवाह में समस्याएं आ रही हैं उन्हें मासिक शिवरात्रि का व्रत करना चाहिए।