धार्मिक ग्रंथों के अनुसार वर्ष में चार नवरात्र होते हैं, जिनमें से दो गुप्त नवरात्र होते हैं। गुप्त नवरात्र खास तौर पर गुप्त सिद्घियों को पाने के लिए होता है और इस समय दस महाविद्याओं की साधना की जाती है। गुप्त नवरात्र आषाढ़ माह के शुक्ल पक्ष में आते है और इस बार 24 जनवरी से ये नवरात्र शुरू हो रहे हैं।
सख्त होते हैं नियम
जिस प्रकार नवरात्र में मां दुर्गा के नौ रूपों की पूजा की जाती है, उसी प्रकार गुप्त नवरात्र में विशेष तौर पर साधन दस शक्तियों की साधना करते हैं। ये नवरात्र खासतौर पर तांत्रिक क्रियाएं, शक्ति साधना से जुड़े लोगों के लिए अहमियत रखते हैं। साधक इस दौरान सख्त नियमों के साथ व्रत रखते हैं। साधक लंबी साधना भी करते हैं।