दो शुभ योग में मनाई जाएगी गणेश जयंती
इस बार की गणेश जयंती दो शुभ योग में मनाई जाएगी। 04 फरवरी को सुबह 07: 08 मिनट से दोपहर 03:58 मिनट तक रवि योग है और इसके उपरांत सायं 07: 10 मिनट तक शिव योग है।
गणेश जयंती का महत्व
पौराणिक मान्यताओं के अनुसार श्री गणेश की रचना माता पार्वती ने उबटन से की थी और उसमें प्राण प्रतिष्ठा की थी। उस समय माघ मास के शुक्ल पक्ष की चतुर्थी थी। इस वजह से इस दिन गणेश जयंती मनाई जाती है। मान्यता है कि गणेश जयंती के दिन श्री गणेश की पूरे विधि विधान से आराधना करने से वे प्रसन्न हो जाते हैं। गणेश जयंती माघ मास की विनायक चतुर्थी के दिन आती है और इस दिन चंद्र दर्शन वर्जित है। गणेश जयंती के दिन चंद्र दर्शन न करें अन्यथा आप पर झूठे आरोप लगने की संभावना बढ़ सकती है।