शिमला। सनातन धर्म सभा की ओर गंज बाजार स्थित राधा-कृष्ण मंदिर में आयोजित भक्तमाल कथा के पांचवें दिन शुक्रवार को संतों के अटूट प्रेम की कथा सुनाई। इस दौरान कथावाचक निंबार्कीय वैष्णवाचार्य ने बताया कि भारत भक्तों का देश है। बिना संत भगवान की प्राप्ति नहीं होती। सतयुग में एक मोरध्वज एवं अमृतधज नाम के दो बड़े भक्त राजा हुए जो साधु वेश में पहले चोरी करते फिर पूजा करते। भक्त बाल में वर्णित भक्ति कथाओं में भक्ति के विभिन्न रूपों जैसे नवादा प्रेम ,लक्षण ,त्याग तपस्या बलिदान-सदाचार, सत्य-अहिंसा, सामानता, दुख सहित अन्य दिव्या भावनाओं और कर्मो का ज्ञान शामिल है। सभा के प्रचार मंत्री सुमन पाल दत्ता ने बताया कि कथा 27 अप्रैल तक रोजाना शाम 4:30 से 6:00 बजे तक चलेगी। संवाद