शिमला। संजौली के जंजघर में दिव्य ज्योति जागृति संस्थान की ओर से आयोजित श्रीराम कथा का पंडाल सोमवार को राम के जयकारों से गूंज उठा। राम जन्मोत्सव प्रसंग में संत समाज ने बधाई गीत गाए। इन मधुर गीतों पर प्रभु प्रेमियों ने नाच गाकर हाजिरी लगाई। कथा के तीसरे दिन श्रीराम जन्म की सुंदर झांकी सजाई गई। सभी श्रद्धालुओं ने प्रभु राम को झूला झुलाया। कथा वाचन करते हुए कथा व्यास साध्वी सौम्या भारती ने श्रीराम जन्म प्रसंग को रोचक ढंग से सुनाया। उन्होंने प्रसंग सुनाते हुए बताया कि महाराज दशरथ जब पुत्र की इच्छा लेकर अपने गुरुदेव वशिष्ठ के पास गए तो गुरुदेव ने उन्हें चार पुत्रों का वरदान दिया। इसके बाद उनके घर में मां कौशल्या की गोद से श्री हरि नारायण के सातवें अवतार श्री राम ने जन्म लिया। साध्वी ने समझाते हुए कहा कि हमारे शरीर को ग्रंथों में अयोध्या कह कर संबोधित किया है। उन्होंने बताया कि 8 चक्रों और नवद्वारों से सुसज्जित इस मानव देह में श्रीराम ज्योति रूप में विद्यमान हैं। कथा के तीसरे दिन हाईकोर्ट के न्यायाधीश संदीप शर्मा, एसएसबी कमांडेंट अजय शर्मा और एसएसबी इंस्पेक्टर जसबीर सिंह ने आरती कर श्रीराम का आशीर्वाद लिया। संवाद