चर्चित श्रद्धा हत्याकांड की कड़ियां जोड़ने दिल्ली पुलिस की तीन सदस्यीय टीम शनिवार को हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले के मणिकर्ण की तोष घाटी पहुंची। यहां 6 और 7 अप्रैल को आफताब और श्रद्धा एक गेस्ट हाउस में रुके थे। उन्होंने ऑनलाइन बुकिंग कर व्हाइट लोटस गेस्ट हाउस की एक कैंपिंग साइट बुक करवाई थी। दिल्ली पुलिस ने आधे घंटे तक गेस्ट हाउस के संचालकों से पूछताछ कर उनके बयान लिए और रिकॉर्ड भी खंगाला। दिल्ली पुलिस की टीम दोपहर करीब एक बजे गेस्ट हाउस पहुंची। पुलिस ने एंट्री रजिस्टर चेक किया, जिसमें उनकी एंट्री नहीं थी।
गेस्ट हाउस सड़क से करीब एक किलोमीटर दूर है। इसके बाद गेस्ट हाउस संचालक कमली राम और नरेंद्र ने पूछताछ में बताया कि आफताब और श्रद्धा कपल बनकर यहां आए थे। ऑनलाइन बुकिंग के जरिये वे 6 अप्रैल शाम को यहां पहुंचे। अगले दिन दोनों तोष गांव के साथ ही कुटला में एक कैंपिंग साइट में रुके थे। उन्होंने इसकी पेमेंट गूगल पे से की। नरेंद्र ने बताया कि आफताब का व्यवहार सामान्य था। उन्हें ऐसा नहीं लगा कि वह किसी की हत्या भी कर सकता है। पुलिस ने आफताब की आधार कार्ड की कॉपी को भी कब्जे में लिया है, जिससे उसने ऑनलाइन बुकिंग करवाई थी।
वशिष्ठ में भी रुके थे दोनों
कुल्लू के तोष के बाद दिल्ली पुलिस यहां से मनाली के वशिष्ठ गई। वहां भी दोनों रुके थे। वशिष्ठ में भी पुलिस ने पूछताछ के बाद रिकॉर्ड लिया।