झंडूता(बिलासपुर)। सरकार एक ओर अधिकारियों के लिए आवासीय भवन बनाने के लिए बजट का प्रावधान नहीं कर रही है। वहीं दूसरी ओर धरातल पर ऐसे भी सरकारी आवासीय भवन हैं जिनका इस्तेमाल ही नहीं किया जा रहा है। ऐसा ही एक उदाहरण झंडूता विधानसभा क्षेत्र के शहीद अश्विनी राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक स्कूल झंडूता के आवासीय भवन का है।
रखरखाव की कमी के कारण इमारत खंडहर होती जा रहा है। लाखों रुपये से बनी इस दो मंजिला इमारत में चार कमरों वाले सेट में सभी सुविधाएं पर्याप्त मात्रा में शामिल हैं। शिक्षा विभाग के नाम भवन के ईद गिर्द स्कूल की चार बीघा 19 बिस्वा जमीन भी है। कई साल से भवन और जमीन की स्कूल प्रशासन खबर नहीं ले रहा है। हालांकि भवन को असुरक्षित करने के लिए उपमंडल अधिकारी कार्यालय में पत्राचार किया जा रहा है। फिलहाल भवन की धरातल मंजिल बेसहारा पशुओं के अलावा नशेडिय़ों के लिए सुरक्षित अड्डा बना हुआ है।
बता दें कि दो मंजिला इमारत का पुरानी शैली से निर्माण से किया गया है, लेकिन भवन का उपयोग न करने के कारण सरकारी संपत्ति की अनदेखी हो रही है। वहीं झंडूता में कई विभागों में ऐसे अधिकारी हैं जिन्हें आवास की सुविधा नहीं है। स्कूल प्रशासन के पास लाखों की इमारत होने के बावजूद भी इसे इस्तेमाल नहीं किया जा रहा है।
वहीं अब भवन को असुरक्षित घोषित कराकर यहां पर इंडोर स्टेडियम का निर्माण कराने की योजना है। स्कूल प्रधानाचार्य पवन सांख्यान ने कहा कि आवासीय भवन को असुरक्षित करने के लिए उपमंडल अधिकारी कार्यालय में पत्राचार किया गया है। स्कूल की करीब पांच बीघा जमीन भी है। भवन असुरक्षित घोषित होने पर यहां पर इंडोर स्टेडियम के लिए एस्टीमेट की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।