शिमला। प्लीच इंडिया और एफडीडीआई हैदराबाद के संयुक्त तत्वाधान में आयोजित तीन दिन के सम्मेलन में हिमाचल प्रदेश विवि के छात्र मानव और शिक्षिका डाॅ. अंजलि वर्मा ने शोध पत्र पढ़ा। टेलस बिलो द हील्स सम्मेलन में भारतीय पनही की ऐतिहासिक परंपरा पर आधारित यह शोध पत्र था। भारतीय पनही पर काम करने वाले कारीगरों की तकनीक को समझना इसका मकसद था। हिमाचल विश्वविद्यालय के बीएड प्रथम के प्रशिक्षु मानव और शिक्षिका डॉ. अंजलि वर्मा ने महत्वपूर्ण शोध पत्र मोचडू को प्रस्तुत किया। उन्होंने चंबा के विभिन्न कालखंड में प्रयोग किए जाने वाले चप्पलों तथा जूते का विवरण दिया। मोचडू का जिक्र चंबा के गीतों में होता रहा है। संवाद