सराज क्षेत्र की बागाचनोगी पंचायत के चोहट गांव की एक महिला ने जातिगत आधार पर हिंसा और सरेआम निर्वस्त्र करने की कोशिश के आरोप लगाए हैं। महिला ने पुलिस अधीक्षक कार्यालय में शिकायत कर मामले में पुलिस की कार्रवाई पर सवाल उठाए हैं।
एसपी ने मामले की जांच डीएसपी सुंदरनगर को सौंप दी है। शनिवार को डीएसपी ने दोनों पक्षों के बयान दर्ज किए हैं। चौहट गांव निवासी महिला ने शिकायत पत्र में कहा कि 19 सितंबर को जब वह अपने परिवार सहित सगे संबंधियों के साथ पुश्तैनी भूमि पर घर का निर्माण कर रहे थे।
उसी दौरान उनके पड़ोस में रहने वाले सवर्ण जाति के लोग कुछ सरकारी कर्मियों के साथ निर्माणाधीन मकान में आ पहुंचे। उन्हें निर्माण रोकने को कहा। विरोध करने पर आरोपियों ने जाति सूचक शब्दों से प्रताड़ित किया।
पिटाई की और फिर वस्त्रहरण करने की कोशिश भी की। महिला ने कहा कि पुलिस को सूचित करने पपर पुलिस ने घटना स्थल का दौरा किया। मगर आज तक इस मामले में कोई प्राथमिकी दर्ज नहीं की।
रात को 11 बजे घायल लोगों को रात 11 बजे एंबुलेंस से बग्सयाड़ अस्पताल पहुंचाया गया। चिकित्सकों द्वारा पुलिस को सूचित करने पर पुलिस ने सुबह के चार बजे घायल महिला के बयान दर्ज किए।
वहीं, डीएसपी हितेश लखनपाल ने कहा कि शिकायतकर्ता आरोपियों पर एससी/एसटी एक्ट की कार्रवाई की मांग कर रहे हैं। जांच का जिम्मा सुंदरनगर डीएसपी को सौंपा गया है। जांच होने के बाद ही पुलिस नियमानुसार कार्रवाई करेगी।