तारादेवी मंदिर के सुबह 5 बजे खुलेंगे कपाट
कलश स्थापना सुबह 6:11 से 7:30 बजे होगी
संवाद न्यूज एजेंसी
शिमला। शारदीय नवरात्र को लेकर मां के दरबार सजने लग गए हैं। शहर के प्रसिद्ध तारादेवी मंदिर के कपाट भक्तों के दर्शनों के लिए सुबह 5 बजे खोले जाएंगे वहीं 6 बजे विशेष आरती होगी। इसके अलावा शाम साढ़े 7 बजे आरती होगी। दर्शनों के बाद भक्तों को सुबह नौ से शाम नौ बजे तक भंडारा परोसा जाएगा। मंदिर के ट्रस्टी दीपेंद्र रोहाल ने यह जानकारी दी। नवरात्र 26 सितंबर से शुरू होंगे।
मां कालीबाड़ी मंदिर में सुबह 6 से लेकर शाम 10 बजे तक भक्त दर्शन कर सकेंगे। कालीबाड़ी मंदिर के पुजारी अमलान गोस्वामी ने यह जानकारी दी। बताया कि मंदिर में सुबह 6 बजे आरती होगी। इसके बाद दोपहर साढ़े बारह बजे मां को भोग लगाया जाएगा जबकि शाम की आरती 6:35 बजे होगी।
राधा कृष्ण गंज मंदिर के पुजारी उमेश नौटियाल ने बताया कि 26 सितंबर को कलश स्थापना का शुभ मुहूर्त प्रात: 6:11 से 7:30 और दूसरा शुभ मुहूर्त 9:13 से 10:42 तथा अभिजीत मुहूर्त 11:48 से 12:36 बजे होगा। महाष्टमी का व्रत और पूजन तीन अक्तूबर को होगा। इस साल मां दुर्गा हाथी की सवारी पर पृथ्वी लोक आएंगी। विजयदशमी को बुधवार के दिन नौका की सवारी से मां वापस जाएंगी। माता की नौका की सवारी को बहुत शुभ माना गया है।
ऐसे करें अनुष्ठान
मेष : भवानी को लाल फूल चढ़ाएं
वृषभ : सरस्वती की आराधना करें और सफेद वस्त्र पहनें
मिथुन : भुवनेश्वरी देवी की आराधना करें, हरे वस्त्र पहनें
कर्क : भैरवी को चावल और दही चढ़ाएं
सिंह : जया स्वरूप की आराधना करें और पुष्प आदि से पूजन करें
कन्या : चंद्रघंटा स्वरूप की आराधना करें
तुला : लक्ष्मी जी की आराधना करें और सफेद वस्त्र धारण करें
वृश्चिक : देवी कालरात्रि की आराधना करें और लाल वस्त्र पहनें
धनु : देवी के मातंगी स्वरूप की आराधना करें और पीले वस्त्र पहनें
मकर : शारदा देवी की आराधना करें और नीले फूलों से पूजा करें
कुंभ : कालिकाजी की आराधना नीले रंग के आसन पर बैठ करें
मीन : देवी गौरी की आराधना करें और पीले वस्त्र धारण करें।
तारादेवी में अष्टमी पर होगा दंगल
तारादेवी मंदिर में अष्टमी पर दंगल प्रतियोगिता होगी। इसमें हिमाचल, पंजाब, हरियाणा और राजस्थान समेत अन्य राज्यों के पहलवान आएंगे। भाजपा के जिला अध्यक्ष रवि मेहता मुख्यातिथि होंगे। तारादेवी मंदिर के ट्रस्टी दीपेंद्र रोहाल ने यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि दंगल प्रतियोगिता में विजेता पहलवान को 60 हजार रुपये और उपविजेता को 40 हजार रुपये का पुरस्कार दिया जाएगा।