मनाली के सिमसा के देवता कार्तिक स्वामी 32 साल बाद कुल्लू दशहरा में शामिल हुए। देवता कार्तिक स्वामी के लाव-लश्कर ने दशहरा की शोभा बढ़ा दी है। मंगलवार को देवता कार्तिक स्वामी भगवान रघुनाथ मंदिर में देवमिलन के लिए पहुंचे। इसके बाद देवता कार्तिक स्वामी राजमहल भी गए। गौरततलब है कि देव आदेश के बाद कार्तिक स्वामी के कारकूनों ने दशहरा में आने के लिए करीब एक महीना पहले ही ऐलान कर दिया था। देवता के 32 सालों के बाद दशहरा में आगमन को लेकर हारियानों में खुशी की लहर है। देवता अब अपने अस्थायी शिविर में विराजमान हो गए हैं। देवता कार्तिक स्वामी मनाली क्षेत्र में प्रमुख देवताओं में से एक हैं। देवता की लोगों में काफी मान्यता है। अगले सात दिनों तक देवता कार्तिक स्वामी के अस्थायी शिविर में श्रद्धालुओं का तांता लगा रहेगा।