चुनाव आयोग ने शिकायत के आधार पर कार्रवाई की और आयकर विभाग के कमीश्नर से इस संदर्भ में जबाव मांगा, वहीं प्रत्याशी रामस्वरूप शर्मा से भी स्थिति स्पष्ट करने को कहा गया था।
आयकर विभाग की तरफ से जिला निर्वाचन अधिकारी को जो जबाव मिला है, इसमें कहा कि गया है कि एक साथ चार वर्षों की आयकर रिर्टन भरकर रामस्वरूप शर्मा ने कुछ गलत नहीं किया है। आयकर कमीश्नर ने अपनी शक्तियों का इस्तेमाल करते हुए रामस्वरूप शर्मा को यह रिर्टन भरने की अनुमति दी थी, इसके बाद ही चार वर्षों की रिर्टन एक साथ भरी गई।
जिला निर्वाचन अधिकारी ऋग्वेद ठाकुर ने पुष्टि करते हुए कहा कि आयकर विभाग ने भाजपा प्रत्याशी को क्लीन चिट दी है। इसलिए उनके नामांकन में कोई अनियमितता नहीं है। बाकी इस मामले की विस्तृत रिपोर्ट बनाकर राज्य निर्वाचन अधिकारी को भेज दी गई है।