ऑरेंज अलर्ट के बीच शुक्रवार रात से जारी भारी बारिश ने हिमाचल प्रदेश में कहर बरपा दिया। मंडी, चंबा और कांगड़ा जिलों में 21 लोगों की मौत हो गई है, जबकि छह लापता हैं। मंडी में एक ही परिवार के आठ लोगों समेत जिले में 13, चंबा में तीन, शिमला के ठियोग और कांगड़ा जिले में दो-दो लोगों की मौत हुई है। निरमंड में भी एक व्यक्ति की जान गई है। कांगड़ा में अंग्रेजों के जमाने का बना चक्की खड्ड पर रेलवे का पुल बह गया है। 17 जुलाई से ही इस ट्रैक पर पठानकोट-जोगिंद्रनगर रूट पर ट्रेनों की आवाजाही बंद है। इसी जगह हाईवे पर बना पुल भी वाहनों के लिए फिलहाल बंद कर दिया है।
वहीं, मणिमहेश यात्रा खराब मौसम के चलते दो दिन के लिए स्थगित कर दी है। भारी बारिश से प्रदेश में करोड़ों का नुकसान हुआ है। कई जगह भूस्खलन और मकानों पर मलबा गिरने से एनडीआरएफ, एसडीआरएफ, पुलिस की टीमें बचाव कार्य में जुटी हुई हैं। मुख्य सचिव ने भी बैठक बुलाकर कई निर्देश दिए हैं। अब तक प्रदेश में 1214 करोड़ रुपये की संपत्ति का नुकसान हो चुका है। रविवार और सोमवार को भी मौसम विज्ञान केंद्र शिमला ने प्रदेश में भारी बारिश का येलो अलर्ट जारी किया है।
प्रदेश में पहली बार मानसून सीजन में 24 घंटों में 316 फीसदी बारिश हुई। मंडी के जवालापुर में चलती बाइक पर पत्थर गिरने से दो युवाओं की मौत हो गई है। जिले के नाचन क्षेत्र की पंचायत काशन के गांव झड़ोंन में शुक्रवार रात पहाड़ी का मलबा मकान पर गिरने से एक परिवार के आठ लोगों की मौत हो गई है। घटना रात करीब 2:00 बजे की बताई जा रही है। मृतकों में काशन पंचायत प्रधान खेम सिंह (35) पुत्र रूप चंद, प्रधान की पत्नी मीरा देवी (34), उनके दो बेटे भास्कर (14), तेजेंद्र (11), प्रधान की भाभी कमला देवी (32) पत्नी झाबे राम, इनकी बेटी रोहिणी (6), बेटा दिव्यांशु (7) और प्रधान के ससुर डागु राम (55) निवासी काढ़ि खड़ूहल तहसील थुनाग शामिल हैं।
बचाव कार्य रात 3:00 बजे से शनिवार दोपहर 2:00 बजे तक करीब 11 घंटे चला। वहीं, मंडी के ही द्रंग विधानसभा क्षेत्र में बादल फटने से ओल्ड कटौला के संदोआ में सतार अली, उनके दो बेटे छाईया, साजिद, दो बेटियां साजिदा, सुहाना और तौफीक अख्तर पुत्र बरकत अली देर रात बाढ़ में बह गए, जिनमें दो शव बरामद हो गए हैं। एनडीआरएफ के 30 जवान और पुलिस दल ने लापता लोगों की तलाश में रेस्क्यू अभियान चलाया है।
मंडी के ही सराज के केउली में एक घर के भूस्खलन की चपेट में आने से महिला पुष्पा देवी की मौत हो गई। मुख्यमंत्री जयराम ठाकुर के विधानसभा क्षेत्र के थुनाग बाजार में बादल फटने से 60 दुकानें, दर्जनों वाहन क्षतिग्रस्त हो गए। जिले में 31 मकान, 26 गोशालाएं, एक पुल क्षतिग्रस्त हो गया। मंडी में खेल स्पर्धा के लिए नेरचौक में ठहराईं 40 छात्राओं को रेस्क्यू किया गया। सोलन-सैंज-रोहडू़ मार्ग पर ठियोग में बल्ग के समीप कार पर चट्टानें गिरने से दो लोगों की मौत हो गई है, जबकि दो घायल हो गए।