हिमाचल प्रदेश में पांच दिनों तक मौसम साफ रहने के आसार हैं। मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के अनुसार प्रदेश के सभी भागों में 15 जनवरी तक मौसम साफ रहने की संभावना है। हालांकि, प्रदेश के निचले व मैदानी भागों में 13 जनवरी तक मध्यम से घना कोहरा पड़ने का येलो अलर्ट जारी किया है। वहीं, मौसम साफ रहने की स्थिति में लोगों को ठंड से कुछ राहत मिल सकती हैं। साथ ही बर्फबारी से पैदा हुईं दुश्वारियां भी कम होने की उम्मीद है। वहीं, प्रदेश के छह शहरों में न्यूनतम तापमान माइनस में दर्ज किया गया है। शिमला का न्यूनतम तापमान 2.2, सुंदरनगर 1.7, भुंतर माइनस 0.1, कल्पा माइनस 8.0, धर्मशाला 4.2, ऊना 5.5, नाहन 8.1, केलांग माइनस 15.4, पालमपुर 2.0, सोलन 0.8, मनाली माइनस 3.8, कांगड़ा 4.0, मंडी 4.0, बिलासपुर 6.0, हमीरपुर 5.8, चंबा 2.1, डलहौजी माइनस 1.2, कुफरी माइनस 3.0, जुब्बड़हट्टी 3.5 और पांवटा साहिब में 8.7 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया है। आज मध्य व उच्च पर्वतीय कुछ भागों में बारिश-बर्फबारी की संभावना है। शिमला में भी मौसम खराब बना हुआ है।
बर्फबारी से बंद सड़कों की बहाली का कार्य युद्ध स्तर पर जारी
वहीं, बीते दिनों हुई भारी बारिश-बर्फबारी से मंगलवार को पांचवें दिन भी जनजीवन बेपटरी रहा। चार नेशनल हाईवे समेत 495 सड़कें प्रदेश में बंद रहीं। हजारों गांवों में बिजली-पानी की सप्लाई अभी भी बहाल नहीं हुई है। प्रदेश में 974 बिजली ट्रांसफार्मर बंद होने से दुश्वारियां बढ़ गई हैं। हजारों गांवों में अंधेरा पसरा हुआ है। राज्य बिजली बोर्ड को अब तक 9.50 करोड़ का नुकसान हो चुका है। जिला शिमला में सबसे अधिक 368 ट्रांसफार्मर ठप हो गए हैं। चार दिन बाद भी राष्ट्रीय राजमार्ग पांच शिमला-रामपुर बंद है। इसके अलावा आनी-कुल्लू, मनाली-केलांग, भरमौर-पठानकोट एनएच यातायात के लिए बंद रहे। सूबे में परिवहन निगम के 196 रूट प्रभावित चल रहे हैं। 177 पेयजल योजनाएं ठप होने से कई जगह जल संकट गहरा गया है। लाहौल-स्पीति जिले में सबसे अधिक 161 सड़कें बंद हैं। सुबह के समय शिमला शहर में अधिकांश सड़कों पर फिसलन की स्थिति बनी रही। मंगलवार सुबह राजधानी शिमला में धूप खिली। दोपहर दो बजे के बाद शहर में शुरू हुई बारिश देर शाम तक जारी रही। बीच-बीच में बर्फ के फाहे भी गिरे। प्रदेश के अन्य क्षेत्रों में मौसम साफ बना रहा।