तीनों राजनीतिक दलों की आईटी टीमें अपने-अपने नेताओं के भाषण, टूअर प्रोग्राम और आगामी योजनाओं को सोशल मीडिया के माध्यम से प्रचारित कर रहे हैं। आईटी टीमों ने शिमला स्थित प्रदेश मुख्यालयों में भी डेरा जमा लिया है। मंगलवार शाम 5:00 बजे तक फेसबुक पर कांग्रेस और ट्विटर पर भाजपा के फॉलोअर अधिक रहे।
सोशल मीडिया पर आम आदमी पार्टी (आप) की इन दोनों राजनीतिक दलों के मुकाबले पहुंच अभी कम है। भाजपा और कांग्रेस के फेसबुक, इंस्टाग्राम और ट्विटर पर वेरिफाइड अकाउंट हैं। कांग्रेस के फेसबुक पर 260के (2.60 लाख), इंस्टाग्राम पर 23.3के (23,300) और ट्विटर पर 48.8के (48,800) फॉलोअर हैं। भाजपा के फेसबुक पर 250के (2.50 लाख), इंस्टाग्राम पर 20.5के (20, 500) और ट्विटर पर 156के (1.56 लाख)
फॉलोअर हैं।
आप का इंस्टाग्राम का अकाउंट वेरिफाइड नहीं
आप के फेसबुक और ट्विटर अकाउंट वेरिफाइड हैं, इंस्टाग्राम का अकाउंट वेरिफाइड नहीं है। आप के फेसबुक पर 101के (एक लाख) और ट्विटर पर 15.5के (15,500) फॉलोअर हैं। फेसबुक पर कांग्रेस के फॉलोअर भाजपा से दस हजार अधिक हैं।
सोशल मीडिया हेड बोले - हर प्लेटफार्म पर मजबूती से लड़ेगी कांग्रेस, पैसा खर्च कर कांग्रेस ने प्रमोट किए पेज
कांग्रेस हर प्लेटफार्म पर पूरी मजबूती से विधानसभा चुनाव लड़ने जा रही है। भाजपा की नीतियों को लेकर जनता में बहुत अधिक रोष है। - अभिषेक राणा, प्रदेश अध्यक्ष सोशल मीडिया विंग कांग्रेस
कांग्रेस सोशल मीडिया के पेज प्रोमोट करने के लिए पैसा खर्च कर रही है। कुछ दिन पहले तक कांग्रेस के फॉलोअरों की संख्या काफी कम थी। अब पैसा खर्च कर कांग्रेस ने अपने पेज प्रमोट किए हैं। - पुनीत शर्मा प्रदेश संयोजक सोशल मीडिया भाजपा
ट्विटर पर भाजपा के फॉलोअर कांग्रेस से करीब एक लाख अधिक
-ट्विटर पर भाजपा के फॉलोअर कांग्रेस से करीब एक लाख अधिक हैं। इंस्टाग्राम पर कांग्रेस के फॉलोअर की संख्या भाजपा से करीब 3,000 अधिक है। डिजिटल क्रांति के इस युग में हिमाचल जैसे शिक्षित राज्य में अधिकांश लोगों के पास स्मार्ट मोबाइल फोन हैं।
-फेसबुक का ट्विटर के मुकाबले इस्तेमाल भी अधिकांश लोग कर रहे हैं। शिमला में बैठे हुए लोग कांगड़ा और मंडी में हो रहे राजनीतिक दलों के कार्यक्रमों को लाइव देख लेते हैं।
-बीते कुछ वर्षों से राजनीतिक दल भी सोशल मीडिया को अधिक अधिमान दे रहे हैं। इसके लिए बाकायदा सोशल मीडिया कमेटियां गठित की गई हैं। इन कमेटियों के तहत आईटी सेल की टीमें एक-दूसरे दल के खिलाफ आरोप-प्रत्यारोप का खेल चलाती हैं।