जुन्गा (शिमला)। राज्य फॉरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला (एसएफएसएल) जुन्गा में चल रहा फिंगरप्रिंट प्रशिक्षण कार्यक्रम का वीरवार को समापन हो गया। इसमें विभिन्न जिलों से आए 23 पुलिस अन्वेषण अधिकारियों और चार फॉरेंसिक विशेषज्ञों को फिंगरप्रिंट लेने का प्रशिक्षण दिया गया। प्रशिक्षण पूर्ण करने एवं प्रोफिशिएंसी परीक्षा पास करने वाले प्रतिभागियों प्रमाण-पत्र प्रदान किए गए। प्रशिक्षण के दौरान पुलिस अन्वेषण अधिकारियों को अपराध स्थल से फिंगरप्रिंट एकत्रित, उन्हें सुरक्षित रखने और वैज्ञानिक परीक्षण एवं विश्लेषण के लिए राज्य फॉरेंसिक विज्ञान प्रयोगशाला जुन्गा भेजने की विधियों का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया। निदेशक फॉरेंसिक सेवाएं डॉ. मीनाक्षी महाजन ने कहा कि वर्तमान समय में अपराधों की बढ़ती संख्या के बीच फिंगरप्रिंट विज्ञान का महत्व और अधिक बढ़ गया है। संवाद