कारोबारी से फिरौती की रकम देने के लिए स्वतंत्रता दिवस का दिन 15 अगस्त तय किया था। कारोबारी को मिले इस धमकी भरे पत्र में लिखा था कि रकम देने की जगह के बारे में फोन करके बताई जाएगी। फोन लोकल नंबर से भी किया जा सकता है।
कारोबारी को धमकाते हुए लिखा है कि अगर तय तारीख के मुताबिक पैसे नहीं दिए तो इसका अंजाम भुगतना पड़ेगा। पुलिस के मुताबिक लेटर लिखने वाले ने अपना पता मुर्गा गैंग, सेक्टर-22 चंडीगढ़ बताया था।
शातिरों ने एक ही पन्ने पर सारी बातें लिखी हुई हैं। कारोबारी को दिया पत्र फोटोस्टेट कॉपी है। जांच में पाया गया कि सोची समझी रणनीति के तहत शातिरों ने लेटर के अंदर वाले कागज और बाहर वाले पन्ने पर अलग-अलग हैंड राइटिंग इस्तेमाल की है।
आरोपियों ने फिरौती पाने के लिए जो गेम खेली वह उसी में फंस गए। आरोपियों ने लेटर स्पीड पोस्ट से भेजकर गलती कर डाली। यह पत्र भेजा भी तो मालरोड के पोस्ट आफिस से।
लिहाजा पुलिस को सारा माजरा समझने में ज्यादा देर नहीं लगी। पुलिस ने मालरोड के आसपास के सभी सीसीटीवी फुटेज खंगाले और कुछ संदिग्धों के फुटेज अपने रिकॉर्ड में लिए। इसके तुरंत बाद आरोपियों की तलाश में शहर के कई संभावित ठिकानों पर छापेमारी की और पकड़ लिए।