वन काटुओं को इसकी भनक लग गई और वे मोछों की गाड़ी लेकर भागने लगे। गाड़ी का पीछा करते हुए टीम के रविंद्र, प्रीतम और रूमेल को चोटें आई हैं। आखिरकार दूसरी तरफ लगाए गए नाके पर मोछों से लदी गाड़ी और दो वन काटुओं को पकड़ लिया गया
जबकि अंधेरे का फायदा उठाकर गाड़ी चालक सहित करीब दो दर्जन वन काटु भागने में कामयाब हो गए। वन विभाग की टीम जंगल गई तो वहां पर खैर के मोछों का ढेर मिला।
वन काटुओं से लकड़ी काटने वाले करीब आठ डमरे (आरा), औजार और एक तलवार मिली है। वन विभाग की सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर जांच शुरू कर दी है।
विभागीय टीम में रेंज अधिकारी कुलदीप कुमार के अलावा बीओ प्रीतम सिंह, वनरक्षक स्थाना बलदेव सिंह, वन कर्मी आत्मा राम, वनरक्षक खटियाड़ जगदीश चौधरी, रविंद्र कुमार, रूमेल सिंह, इंद्र जीत, वन रक्षक अनोह, सुरेंद्र वडियाल शामिल रहे।
वन विभाग परिक्षेत्र रे के रेंज अधिकारी कुलदीप कुमार ने बताया कि दो वन काटुओं व गाड़ी को खैर के मोछों सहित पकड़ लिया है बाकी वन काटुओं की तलाश जारी है।
उधर, वन मंडल अधिकारी नूरपुर संजय सेन ने कहा कि खैर के 135 मोछों सहित दो लोगों को बिना नंबर की टाटा-407 गाड़ी पकड़ी है। पुलिस ने मामला दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है। पकड़ी गए खैर की कीमत लगभग साढे़ सात लाख रुपये होगी।