जिला मुख्यालय हमीरपुर के समीप बुरनाड़ में सड़क से कार हटाने को कहा तो कार मालिक समेत 10 लोगों ने बाइक सवार पर दराट और डंडों से हमला कर लहूलुहान कर दिया। गंभीर घायल को क्षेत्रीय अस्पताल हमीरपुर में प्राथमिक उपचार देने के बाद टांडा रेफर कर दिया गया।
जहां पर पीड़ित के मुंह पर 12 टांके लगाए गए। मारपीट में पीड़ित व्यक्ति के नाक की हड्डी भी टूट गई है। पीड़ित परिवार गरीब से संबंधित है। अब आरोपी उन्हें जान से मारने की धमकियां दे रहे हैं। यह मामला विस चुनाव से पहले 4 नवंबर की रात का है।
लेकिन पुलिस अभी तक आरोपी लोगों को गिरफ्तार नहीं कर पाई है। बुरनाड गांव के रहने वाले सूरम सिंह, विपिन कुमार, अजय कुमार और उर्मिला देवी ने पुलिस की ढुलमुल कार्रवाई से पेरशान होकर शनिवार को पुलिस अधीक्षक हमीरपुर रमन कुमार मीणा से मुलाकात कर आरोपी लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई अमल में लाकर न्याय की मांग की है।
क्या है पूरा मामला
विपिन कुमार ने कहा कि वह तेरह दिन टांडा में उपचाराधीन था। 4 नवंबर की रात को वह हमीरपुर से अपने घर बुरनाड जा रहा था। खग्गल रोड पर जब वह घर जा रहा था तो गांव के पुरुशोत्तम चंद ने अपनी कार बीच सड़क में खड़ी कर दी और अपने मकान के भीतर चला गया।
बार-बार गुहार लगाने पर भी उसने अपनी कार नहीं हटाई। इसके बाद पुरशोत्तम चंद, सीता राम, बाबू राम, राजेश कुमार, प्रीतम चंद, विपिन कुमार, बबीता कुमारी, अक्षय कुमार और रवि कुमार मौके पर आए। पुरशोत्तम चंद के हाथ में दराट था, जबकि अन्य लोगों ने डंडे पकड़े हुए थे।
अचानक सब ने उनपर हमला कर दिया। जिससे उसके नाक की हड्डी टूट गई और मुंह पर दराट का गहरा घाव हो गया। इसके साथ ही मोटरसाइकिल की चाबी और 35 हजार रुपये नकदी भी छीन ली।
पीड़ित ने बताया कि इससे पहले भी 12 अक्तूबर को पुरशोत्तम चंद और रवि ने उसका रास्ता रोककर मारपीट की थी। जिसकी पुलिस में शिकायत दर्ज है। पुलिस अधीक्षक रमन कुमार मीणा ने पीड़ित परिवार को आश्वासन दिया कि पुलिस इस मामले की निष्पक्ष जांच कर आरोपियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई अमल में लाएगी।