लोक निर्माण विभाग के बीएंडआर विंग में तैनात वरिष्ठ सहायक की लाश आंजी के जंगल में एक पेड़ से लटकी मिली है। भगवती को चढ़ाए जाने वाले लाल रंग के दुपट्टे के फंदे में लाश झूल रही थी। उसके पास से खाने से भरा टिफिन और बैग बरामद किया गया है। घटनास्थल पर किसी तरह को सुसाइड नोट पुलिस को नहीं मिला है। सुबह ग्रामीणों की सूचना पर पुलिस ने मौके पर पहुंचकर घटनास्थल का जायजा लिया।
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पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार मृतक चैन सिंह वर्तमान निवासी कैलाश कॉलोनी रबौण सोलन और गांव गनहोल डा. गढ़खल कसौली का रहने वाला मंगलवार को रोज कि तरह घर से खाना और बैग लेकर आफिस के लिए निकला। देर शाम तक वह घर नहीं पहुंचा। उसके बाद उसकी पत्नी ने रिश्तेदारों के यहां पता किया, लेकिन कहीं भी पता नहीं चला। सुबह कुछ लोगों ने आंजी के जंगलों में पेड़ से शव लटका हुआ देखा।
मानसिक रूप से प्रताड़ित तो नहीं?
पुलिस ने मौके पर पहुंचकर शव को कब्जे में ले लिया। पुलिस के मुताबिक प्रारंभिक छानबीन में पाया गया कि चैन सिंह कुछ दिनों से डिप्रेशन में था। उधर, पुलिस इसे प्रथम दृष्टया आत्महत्या का मामला मान रही है। मृतक की पत्नी भी सरकारी जॉब में है। वह आईपीएच विभाग में तैनात है।
पुलिस पता लगाने में लगी है कि कहीं कार्यालय में स्टाफ ने वरिष्ठ सहायक को मानसिक रूप से प्रताड़ित तो नहीं किया? क्या कहीं पैसे का लेन देन तो नहीं थी? पुलिस इन सब पहलुओं पर छानबीन कर रही है। लोनिवि कार्यालय में सहकर्मियों से पूछताछ भी हो सकती है।
हर पहलू को ध्यान में रखकर जांच एसएचओ सदर अनिल धौल्टा ने कहा कि पुलिस हर पहलू को ध्यान में रखकर जांच कर रही है। घटनास्थल और मृतक के घर से कोई सुसाइड नोट बरामद नहीं हुआ है। प्रारंभिक छानबीन में पाया है कि डिप्रेशन के कारण आत्महत्या की गई है।
दोस्त के कमरे में युवक की मौत
कथेड़ में तीस वर्षीय युवक की लाश उसके दोस्त के घर से बरामद हुई है। युवक एक निजी कंपनी में कार्यरत था। पुलिस ने मृतक की पहचान हिमांशु निवासी पटाड़ कोटलानाला के रूप में की है। पुलिस को अंदेशा है कि मौत हार्ट अटैक से हुई है।पांच दोस्त पार्टी कर रहे थे। देर रात तक सभी एक साथ थे। सुबह उसका दोस्त काम पर चला गया।
जब वह दोपहर वापस पहुंचा तो उसने पाया कि उसका दोस्त बेसुध बिस्तर पर ही गिरा है। उसने परिजनों के अलावा पुलिस को मामले की सूचना दी। मौके पर पुलिस ने पहुंचकर शव को कब्जे में लिया। एसएचओ अनिल धौल्टा ने बताया कि हो सकता है कि मौत हार्ट अटैक से हुई हो।
पिस्तौल की नोक पर छीनी कार
जमरैड़ी गांव के युवक से दो बदमाशों ने पंजाब के रोपड़ मार्ग पर पिस्तौल की नोक पर इंडिका कार छीन रफूचक्कर हो गए। चालक टैक्सी का काम करता था और एक कस्टमर के कहने पर दोनों सवारियों को लेने पहुंचा था। चालक ने बड़ी होशियारी से कनपटी पर रखी पिस्टल को गिराया और गाड़ी का दरवाजा खोलकर भाग गया। चालक के मुताबिक उसके पीछे दो फायर भी हुए, लेकिन वह बच गया।
नालागढ़ पुलिस के अनुसार गोयला के जमरैड़ी निवासी हरिनंद ने बताया कि मंगलवार देर सायं उसे किसी परिचित ने फोन पर सूचना दी कि नालागढ़ से रोपड़ के लिए दो सवारियां उठानी है। सूचना मिलते ही वह रोपड़ पहुंचा। सायं करीब 8 आठ बजे उक्त दोनों युवकों को अपनी इंडिका गाड़ी में बैठाया।
जब रोपड़ के पास मानकपुर पहुंचा तो पीछे बैठे एक युवक ने पिस्टल हरिनंद के सिर पर रख दी व गाड़ी रोकने को कहा। चालक ने गाड़ी रोकी और पिस्टल पर हाथ मारा। इससे पिस्टल गाड़ी में गिर गई। इस बीच दोनों आरोपी युवक पिस्तौल उठाने लगे तब तक वह खिड़की खोल कर भाग निकला।
लाखों के गहने, चालीस हजार की नकदी उड़ाई
रामपुर के खनेरी अस्पताल की कॉलोनी में बुधवार को दिनदहाड़े चोरी हो गई। इसके चलते चोरों ने कॉलोनी में स्टाफ नर्स के घर से 40 हजार की नकदी समेत लाखों रुपये के गहनों पर हाथ साफ कर लिया। शिकायत पर पुलिस ने मामला दर्ज करके छानबीन शुरू कर दी है। जानकारी के मुताबिक खनेरी अस्पताल की कॉलोनी में स्टाफ नर्स अंजना निवासी कुल्लू बुधवार सुबह अस्पताल रवाना हुई। दोपहर में जब वह लंच करने अपने आवास में पहुंचीं, तो कमरे का दरवाजा खुला देखकर उसके होश उड़ गए।
अंदर पहुंच कर देखा तो लॉकर खुला पाया। लॉकर से 40 हजार रुपये कैश और गहने गायब थे। गहनों की कीमत लाखों रुपये बताई जा रही है। अंजना ने इसकी सूचना पुलिस को दी। सूचना के बाद पुलिस कॉलोनी पहुंची और तफ्तीश शुरू की। रामपुर के डीएसपी सोमदत्त ने चोरी की पुष्टि की है। उन्होंने बताया कि पुलिस मामले की छानबीन कर रही है। इस मामले में आसपास रहने वाले लोगों से भी पूछताछ की जा रही है।
भावानगर थाने में मंगलवार देर रात एचआरटीसी बस के परिचालक के साथ मारपीट का मामला दर्ज किया गया। जानकारी के अनुसार रिकांगपिओ डिपो की काजा से हमीरपुर जा रही रात्रि बस (एचपी 25ए 2265) के कंडक्टर रारंग निवासी अजय कुमार के साथ निगुलसरी के सुरजन सिंह, अशोक कुमार व जय कृष्ण ने मारपीट की। अशोक कुमार जो कि शिमला जाने के लिए निगुलसारी से इस बस में बैठा था, उसकी कंडक्टर के साथ टिकट को लेकर कहासुनी हुई।
इसके बाद कहासुनी मारपीट में तब्दील हो गई व अशोक की सहायता के लिए सुरजन सिंह व जय कृष्ण भी वहां पहुंचे। सभी ने मिलकर कंडक्टर के साथ मारपीट करनी शुरू कर दी। इसके चलते पुलिस ने सूचना मिलते ही रात को ही आरोपियों को हिरासत में ले लिया था व बस को अपने गंतव्य की और रवाना कर दिया था।
उधर, इस बारे में पुलिस प्रमुख राहुल नाथ ने मामले की पुष्टि करते हुए बताया कि पुलिस ने भादंसं की धारा 341, 353 व 332 के तहत मामला दर्ज कर आरोपियों को कोर्ट में पेश किया। उन्होंने कहा कि यहां से उन्हें 12 दिसंबर तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।