उन्होंने कहा कि तीनों आरोपी स्थानीय हैं और मेलों में अस्थायी दुकानें लगाया करते थे। बताया जा रहा है वे मुजफ्फरनगर में अपने किसी रिश्तेदार के यहां भी रुके थे। उसके बाद गोरखपुर पहुंच गए। एसपी ने कहा कि तीनों आरोपी शातिर थे। वे अपने मोबाइल फोन का इस्तेमाल नहीं करते थे। इसी के चलते उन्हें पकड़ने में समय लगा।
तीनों आरोपी जहां रह रहे थे, वहां से अपने परिजनों और जानने वालों को फोन करते थे। उनके फोन बंद थे, इसलिए पुलिस ने उनके रिश्तेदारों के फोन सर्विलांस पर रखे थे। इसी से लीड मिली कि आरोपी उत्तर प्रदेश में हैं। पुलिस ने मोबाइल लोकेशन के आधार पर गोरखपुर पुलिस को फोटो और सूचना मुहैया करवाई और जाल बिछाकर दबोच लिया।