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खुलासा! चिट के जरिए शराब बांट रहे नेता

Sun, 27 Apr 2014 11:56 AM IST
निकुंज सूद/ सुभाष चंद/ अमर उजाला, हमीरपुर
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चुनाव करीब आ रहे हैं और वोटरों को लुभाने का सिलसिला शुरू हो गया है। चुनाव आयोग से बचने के लिए उम्मीदवारों ने वोटरों को मुफ्त शराब बांटने का नायाब तरीका निकाला है। वह शराब की पर्चियां काट रहे हैं।
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वोटर यह चिट लेकर शराब के ठेके पर पहुंचते हैं और उन्हें बिना पैसे दिए सिर्फ बोतल नहीं बल्कि शराब की पेटियां तक मिल रही हैं। अमर उजाला के हाथ शुक्रवार को एक ऐसी पर्ची लगी जिससे चौंकाने वाली सूचनाएं मिली हैं।

अमर उजाला टीम ने ठेके का मुआयना किया तो पाया कि एक राजनीतिक दल से संबंधित दो लोग एक शराब के ठेके पर आए। सेल्समैन को एक चिट दी। सेल्समैन ने चिट देखने के बाद एक अंग्रेजी शराब की पेटी निकाल कर संबंधित व्यक्ति को दे दी। उससे पैसे भी नहीं लिए।
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राजनेता के कहने पर जारी हुई चिट

सूत्र बताते हैं कि चिट एक राजनेता के कहने पर ठेकेदार की ओर से जारी की गई थी। करीब आधे घंटे बाद एक और व्यक्ति चिट लेकर आया और चिट दिखा कर शराब की पेटी लेकर वहां से रवाना हो गया।

पड़ताल करने पर पता चला कि चिट पर संबंधित ठेके के पार्टनर की स्टैंप लगी थी। स्टैंप पर लिखा था- मै. प्रभात चंद एंड कंपनी। नीचे ठेकेदार के साइन थे और ऊपर ब्रांड का नाम और मात्रा अंकित की हुई थी। चिट के नीचे  फोन नम्बर 9418031816 लिखा था। इस नंबर पर अमर उजाला ने फोन किया तो  दूसरी तरफ बात कर रहे व्यक्ति ने अपना नाम सुभाष बताया।

उसने कहा कि शादी के आर्डर के सिलसिले चिट जारी की गई होगी। जबकि अमर उजाला ने पता लगाया कि 2 मई से पहले शादी का कोई मुर्हूत नहीं है। तो यह शराब किस शादी के लिए बांटी जा रही थी?

‌स्टिंग के दौरान हुए सवाल जबाव

अमर उजाला रिपोर्टर के सवाल और ठेकेदार सुभाष के जवाब
-रिपोर्टर : अमर उजाला को सूचना मिली है कि राजनीतिक दल के कहने पर आपने पर्ची दी है, जिस पर शराब की पेटी दी गई, क्या यह सही है?
-ठेकेदार : पेटियां शादी के लिए दी थीं।
-रिपोर्टर : पर आजकल तो कोई शादी नहीं है, 2 मई के बाद शादियां हैं?
-व्यक्ति : पर्ची एक सप्ताह पहले दी थी, दोस्त के बेटे की शादी थी।
-रिपोर्टर : तो पेटियां अब क्यों लीं?
-ठेकेदार : ली होंगी, मुझे नहीं पता।
-रिपोर्टर : दोस्त का नाम बताएंगे, जिसके शादी थी?
-व्यक्ति : मैं क्यों बताऊं, जहां से पर्ची मिली वहां से पूछो (फोन कट)।

नेता बनकर रिपोर्टर अनिमेष कौशल के सवाल

-रिपोर्टर : भाई साहब मैं शिमला से ........ पार्टी का प्रवक्ता बोल रहा हूं। अगले एक हफ्ते तक रोजाना दो पेटी शराब चाहिए। मिल जाएगी क्या?
-ठेकेदार : मिल तो जाएगी, लेकिन दो बोतल से अधिक ले जाते पकड़े गए तो फंस जाओगे।
-रिपोर्टर : रात के समय नहीं ले जा सकते क्या?
-ठेकेदार : ले जा तो सकते हो, लेकिन अपने रिस्क पर।
-रिपोर्टर : अगर मैं एडवांस पेमेंट कर दूं और एक चिट किसी के पास दूं तो बात बन सकती है क्या?
-ठेकेदार : हां। चिट पर लिखकर भेजना कितनी बोतल देनी है। मिल जाएगी। पर पूरा पैसा एडवांस में देना होगा।
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जांच के आदेश

इस मामले पर प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नरेंद्र चौहान ने कहा कि पर्ची से थोक में शराब देना गलत है।

हमीरपुर में अगर ऐसी गतिविधियां चल रही हैं तो निश्चित तौर पर यह गंभीर मामला है। आबकारी विभाग के नोडल अफसर जीडी ठाकुर को तुरंत निर्देश दिया जाएगा कि वे मौके पर जाकर इसकी पूरी पड़ताल करें।

जो भी दोषी पाए जाए, उसके खिलाफ कार्रवाई सुनिश्चित करें।
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