नायक रमेश और रोशनलाल शराब पी रहे थे, इसी दौरान दोनों में झगड़ा हो गया। रोशनलाल ने चाकू उठाकर रमेश पर ताबड़तोड़ हमला शुरू कर दिया। रमेश को सीने, कंधे और सिर में करीब एक दर्जन वार किए। नायक रमेश वहीं लहूलुहान होकर गिर गए और मौके पर ही उनकी मौत हो गई। बताया जा रहा है कि चाकू नायक रमेश के सीने में अंदर तक घुस गया था।
हवलदार रणवीर ने इसकी जानकारी कर्नल को देते हुए बताया कि रमेश बैरक में गिरने से चोटिल हो गए हैं। उन्हें अस्पताल ले जाया जा रहा है। हवलदार रणवीर ने मौके से सबूत मिटाने की नीयत से खून आदि साफ करवा दिया। आरोप है कि बैरक में मौजूद 16 जवानों में से किसी ने भी नायक रमेश को बचाने की कोशिश नहीं की।
दिल्ली कैंट थाना पुलिस ने मामला दर्ज कर हवलदार रोशनलाल को हत्या और रणवीर को सबूत मिटाने के आरोप में गिरफ्तार किया है। पुलिस अधिकारियों के अनुसार शराब पीकर जब भी झगड़ा होता था तो नायक रमेश रोशन लाल की पिटाई कर देता था। हवलदार रोशनलाल इस बात का बदला लेना चाहता था।