राजधानी शिमला के ढली स्थित होटल में कर्मचारी की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत हो गई है। प्रारंभिक जांच में पुलिस मौत की वजह सीढ़ियों से गिरना बता रही है लेकिन परिजनों ने होटल में मौजूद कर्मचारियों पर हत्या के आरोप लगाए हैं। सोमपाल (34) होटल में पिछले 10 सालों से सफाई कर्मी के तौर पर कार्यरत था।
मौत सिर पर गंभीर चोट लगने से हुई है। पुलिस ने शक के आधार पर पांच होटल कर्मियों से पूछताछ की है। सोमपाल होटल के नजदीक ही किराए के मकान में रहता था। वह मूल रूप से उत्तर प्रदेश के बिजनौर का रहने वाला था। मामला शनिवार रात करीब 10 बजे का है। होटल कर्मियों के मुताबिक रात के समय सोमपाल अचानक सीढ़ियों से गिर गया। इसके बाद उसे फौरन आईजीएमसी अस्पताल ले जाया गयाए जहां डाक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
मामले की सूचना परिजनों और पुलिस को दी गई। पूरे मामले को लेकर रविवार दोपहर परिजनों ने वाल्मीकी सभा शिमला के साथ मिलकर होटल का घेराव किया और सोमपाल की हत्या होने की आशंका जताई। मामला इतना तूल पकड़ गया कि डीएसपी रामलाल बसंल ने मौके पर पहुंचकर परिजनों को उचित कार्रवाई का भरोसा दिलाया। पुलिस के अनुसार मृतक का पोस्टमार्टम आईजीएमसी अस्पताल में किया जा रहा है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद उचित कार्रवाई अमल में लाई जाएगी।
होटल के बाहर एक घंटा डटे रहे परिजन- सोमपाल की मौत की सूचना मिलते ही उनके परिजनों सहित वाल्मीकी सभा के 200 सदस्य मौके पर पहुंच गए। दोपहर 12.30 बजे से लेकर 1.30 बजे तक परिजनों और अन्य लोगों ने होटल प्रबंधन के खिलाफ नारेबाजी की और आरोपियों को गिरफ्तार करने की मांग की। इसके बाद पुलिस ने ड्यूटी पर मौजूद पांच कर्मचारियों को पूछताछ के लिए तलब किया।
परिजनों के मुताबिक होटल के फर्स्ट फ्लोर जहां से सोमपाल गिरा इस जगह पर बड़ी मात्रा में खून था। इसके साथ ही खिड़की के शीशों और गली में भी खूने होने की बात कही जा रही है। परिजनों का आरोप है कि सोमपाल की हत्या की गई है। बाल्मीकी सभा शिमला के महासचिव राजपाल ने कहा है कि मौत की गहनता से छानबीन होनी चाहिए और हत्यारों को कड़ी सजा मिलनी चाहिए।
डीएसपी रामलाल बसंल ने बताया कि प्रारंभिक जांच में मौत की वजह गिरना लग रहा है। लेकिन मौत के सही कारणों का पता पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही चल पाएगा।