पांचवें फोरेस्ट गार्ड की पुलिस तलाश कर रही है। पुलिस इस मामले में अभी तक पांच लोगों को पकड़ चुकी है। इनसे पहले एक युवक टीनू को गिरफ्तार किया गया है। टीनू की सूचना के आधार पर ही पांच फोरेस्ट गार्डों की संयुक्त टीम ने 24 जुलाई को गुज्जर के घर दबिश दी थी।
इन्हें सूचना मिली थी कि गुज्जर ने अवैध कटान कर स्लीपर छिपा रखे हैं, लेकिन मौके पर अवैध स्लीपर नहीं मिले तो उसकी पिटाई कर दी गई। फॉरेस्ट गार्ड यह पता लगाना चाहते थे कि उसने स्लीपर कहां छिपा रखे हैं।
पिटाई के दौरान उसे गंभीर चोटें आईं और बाद में 27 जुलाई को उसकी मौत हो गई। इस पर पुलिस ने पांच वन रक्षकों और एक स्थानीय युवक के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर तफ्तीश शुरू की।
एसपी शिमला ओमापति जमवाल ने बताया कि गुज्जर की हत्या के आरोेप में चार वन रक्षकों को गिरफ्तार किया है। पांचवें की तलाश है। जांच में सामने आया है कि घटना वाले दिन पांच वन रक्षक दो कुलियों के साथ गुलाम के घर पहुंचे थे।
उन्हें सूचना मिली थी कि गुलाम ने अवैध तौर पर कुछ स्लीपर छिपा रखे हैं। आरोप है कि उससे पूछताछ के दौरान वन रक्षकों ने उसके साथ मारपीट की और बाद में उसकी मौत हो गई। पुलिस हर पहलू की छानबीन कर रही है।