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गुज्जर हत्या मामले में चार वन रक्षक गिरफ्तार, पांचवें की तलाश

Thu, 02 Aug 2018 10:58 AM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, रोहड़ू (शिमला)
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जिला शिमला के रोहड़ू उपमंडल की भोलाड पंचायत के रेशाला गांव में गुज्जर की हत्या मामले में चार वन रक्षकों को गिरफ्तार किया गया है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गुज्जर गुलाम की मौत का कारण शरीर पर गंभीर चोटें होना बताया गया है।

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रिपोर्ट आने के बाद पुलिस ने हमले  में शामिल बताए जा रहे चार वन रक्षकों को गिरफ्तार किया है। एक वन रक्षक की तलाश की जा रही है। आरोप है कि वन रक्षकों ने गुज्जर गुलाम से उनके घर जाकर रात को मारपीट की थी। मारपीट में बुरी तरह से घायल होने के दो दिन बाद गुज्जर की मौत हो गई थी।

पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद गिरफ्तार किए वन रक्षकों में रोहित (25) पुत्र त्रिलोक चंद नैंटा गांव पुजारली, संजय कुमार (30) पुत्र शमशेर सिंह गांव जखोड, नवीन कुमार (23) पुत्र रमेश कुमार साल गांव कमरऊ, दिग्विजय सिंह (25) पुत्र ईश्वर सिंह गांव डांडी घुंसा शामिल हैं।

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पांचवें फोरेस्ट गार्ड की पुलिस कर रही तलाश

पांचवें फोरेस्ट गार्ड की पुलिस तलाश कर रही है। पुलिस इस मामले में अभी तक पांच लोगों को पकड़ चुकी है। इनसे पहले एक युवक टीनू को गिरफ्तार किया गया है। टीनू की सूचना के आधार पर ही पांच फोरेस्ट गार्डों की संयुक्त टीम ने 24 जुलाई को गुज्जर के घर दबिश दी थी।

इन्हें सूचना मिली थी कि गुज्जर ने अवैध कटान कर स्लीपर छिपा रखे हैं, लेकिन मौके पर अवैध स्लीपर नहीं मिले तो उसकी पिटाई कर दी गई। फॉरेस्ट गार्ड यह पता लगाना चाहते थे कि उसने स्लीपर कहां छिपा रखे हैं।

पिटाई के दौरान उसे गंभीर चोटें आईं और बाद में 27 जुलाई को उसकी मौत हो गई। इस पर पुलिस ने पांच वन रक्षकों और एक स्थानीय युवक के खिलाफ हत्या का मुकदमा दर्ज कर तफ्तीश शुरू की।  
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क्या कहता है पुलिस प्रशासन 

एसपी शिमला ओमापति जमवाल ने बताया कि गुज्जर की हत्या के आरोेप में चार वन रक्षकों को गिरफ्तार किया है। पांचवें की तलाश है। जांच में सामने आया है कि  घटना वाले दिन पांच वन रक्षक दो कुलियों के साथ गुलाम के घर पहुंचे थे।

उन्हें सूचना मिली थी कि गुलाम ने अवैध तौर पर कुछ स्लीपर छिपा रखे हैं। आरोप है कि उससे पूछताछ के दौरान वन रक्षकों ने उसके साथ मारपीट की और बाद में उसकी मौत हो गई। पुलिस हर पहलू की छानबीन कर रही है।  
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