फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

चम्मच और तराजू के साथ दो चिट्टा तस्कर गिरफ्तार, ट्रक में आ रही खेप

Fri, 20 Jul 2018 01:43 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिमला
विज्ञापन
विज्ञापन

शहर में दो लोगों को आठ ग्राम चिटट के साथ गिरफ्तार किया है। गुप्तचरों से मिली सूचना के बाद स्मार्ट पुलिस ने भट्ठाकुफर के धर्मेंद्र और बल्देयां के इंद्र सिंह को शहर के बीचोंबीच बेम्लोई से चिट्टे के साथ पकड़ा।

विज्ञापन


दोनों आरोपी मोटरसाइकल पर सवार थे। पुलिस ने इन युवकों से आठ ग्राम चिट्टा के साथ नशीली सामग्री के अलावा दो फॉयल पेपर, एक चम्मच, लाइटर सहित एक इलेक्ट्रानिक तराजू पकड़ा है।

दोनों आरोपियों को मेडिकल जांच के लिए भेजा है। पुलिस के मुताबिक बुधवार रात आठ बजे सूचना मिली कि दो युवक मोटरसाइकल पर छोटा शिमला से ओल्ड बस स्टैंड की तरफ आ रहे हैं। इसके बाद सदर थाने की स्पेशल जांच टीम दोनों को पकड़ने के लिए निकल पड़ी।
विज्ञापन


एसआईयू की टीम की गाड़ी जैसे ही टिंबर हाउस के पास पहुंची, उसी दौरान दूसरी तरफ से दो युवक मोटरसाइकल पर सर्कुलर रोड पर ओल्ड बस स्टैंड की तरफ आ रहे थे।

पुलिस ने इन दोनों युवकों को रोका लेकिन यह दोनों नहीं रुके। कुछ मीटर आगे जाने इन दोनों युवकों को बैम्लोई के पास लगे नाके  पर फिल्मी अंदाज में दबोच लिया गया। इसके बाद तलाशी में इन दोनों युवकों से 8 ग्राम चिट्टा मिला। इसके अलावा इनसे दस और पांच रुपये के दो रोल किए हुए नोट और पांच फॉयल पेपर भी मिले हैं।

एसआईयू की टीम में एएसआई रुपेंद्र, हेड कांस्टेबल पूर्ण चंद, सुशील, लक्की मुटू, विक्की, शुभी कुमार और अजय शामिल रहे। आरोपियों की पुलिस रिमांड हासिल कर ली है। एसपी ओमापति जमवाल ने कहा कि आरोपियों के खिलाफ थाना सदर में मुकदमा दर्जकर छानबीन की जा रही है। 

दिल्ली से ट्रक में पहुंच रहा चिट्टा- बताया जा रहा है कि यह दोनों युवक पेशे से ट्रक चालक हैं। सालों से चिट्टा कारोबार से इनके तार जुड़े हैं। यह लोग ट्रक के माध्यम से चिट्टे की खेप को दिल्ली से शिमला पहुंचाते हैं। चिट्टे की खेप शिमला पहुंचने के बाद इसकी सप्लाई नशे के सौदागरों को दी जाती है। इसके बाद यह सौदागर चिट्टे को शहर से जिले के अलग-अलग क्षेत्रों में सप्लाई करते है।

छोटे-छोटे समूह में बंटा है गिरोह- पुलिस सूत्रों के मुताबिक शहर में नशे की खेप युवकों तक पहुंचाने के लिए छोटे-छोटे समूह में गिरोह बंटा हुआ। इसके बाद गिरोह कॉलेज और स्कूल के छात्र-छात्राओं को नशे सप्लाई करते हैं। ताजा गिरफ्तारी से पुलिस को उम्मीद है कि इससे नशा माफिया तक पहुंचा जा सकता है।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें