प्रदेश हाईकोर्ट ने महिला को आत्महत्या के लिए उकसाने और दहेज प्रताड़ना के लिए उसके पति संजय कुमार को 4 वर्ष के कठोर कारावास और 15 हजार जुर्माने की सजा सुनाई है।
न्यायाधीश राजीव शर्मा और न्यायाधीश विवेक सिंह ठाकुर की खंडपीठ ने सरकार की अपील को स्वीकार करते हुए यह सजा सुनाई। मामले के अनुसार सोलन जिले की अर्की तहसील के संजय कुमार की शादी वर्ष 2008 में लता से हुई थी।
शादी के कुछ समय बाद पति संजय कुमार और परिवार के सदस्य उसे दहेज के लिए तंग करने लगे, जिस कारण लता ने आत्महत्या कर ली। मामला दर्ज होने के बाद दोषियों के खिलाफ अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश सोलन के समक्ष मुकदमा चलाया गया।
वर्ष 2010 को सेशन कोर्ट ने दोषियों को निर्दोष ठहराया। निचली अदालत में दोष साबित करने में नाकाम रही सरकार ने इस फैसले के खिलाफ हाईकोर्ट में अपील की। हाईकोर्ट ने मामले से जुड़े रिकॉर्ड का विश्लेषण करने पर पाया कि दोनों ने मिल कर लता को मारने के लिए विवश किया।
दोषी संजय कुमार ने बच्चों के भरण पोषण का हवाला देते हुए सजा कम किए जाने की गुहार लगाई थी, जिसे कोर्ट ने अस्वीकार कर दिया।