शिमला। अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश यजुवेंद्र सिंह ने कार चोरी के एक मामले में ट्रायल कोर्ट के पारित निर्णय को बरकरार रखते हुए दो युवकों के खिलाफ दोष सिद्ध नहीं होने पर बरी कर दिया। राज्य ने 25 नवंबर 2021 को ट्रायल कोर्ट (अतिरिक्त मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट) के फैसले को चुनौती दी, जिसे खारिज कर दिया गया है। मामला राजधानी के छोटा शिमला थाना क्षेत्र में 6 जून 2014 में पंजीकृत किया गया था। शिकायतकर्ता राजिंदर सिंह ने 5 जून को अपनी कार हैप्पी चाइल्ड स्कूल के पास खड़ी की थी। अगली सुबह कार गायब थी। पुलिस ने शिकायत पर मामला दर्ज किया था। जांच के दौरान पुलिस ने कार को जिला मंडी के बल्ह से बरामद किया। आरोप लगे थे कि लोकेश उर्फ लुक्का और धर्म सिंह उर्फ धर्मू ने विशाल और निखिल के साथ मिलकर शिकायतकर्ता के वाहन की चोरी की थी और उसे बल्ह में मुनी लाल नाम के व्यक्ति को बेचने की कोशिश की थी। जब मुनी लाल ने वाहन के दस्तावेज मांगे तो वे नहीं दिखा सके। उधर, अतिरिक्त सत्र न्यायाधीश ने फैसले की सुनवाई में कहा कि अभियोजन पक्ष के साक्ष्य कथित चोरी में अभियुक्तों की संलिप्तता साबित करने में विफल रहे हैं। संवाद